Bulandshahr Triple Murder case : हत्या के बाद से फरार चल रहे आठ 8 आरोपियों पर इनाम घोषित, थाना प्रभारी समेत 4 पुलिसकर्मी निलंबित

Amrit Vichar Network
Published By Deepak Mishra
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बुलंदशहर। उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर जिले के खुर्जा नगर में हुए चर्चित ट्रिपल मर्डर मामले में पुलिस ने फरार चल रहे आठ हत्यारोपियों पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है। मामले में लापरवाही बरतने के आरोप में थाना प्रभारी, चौकी प्रभारी समेत चार पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक दिनेश कुमार सिंह ने मंगलवार को बताया कि 25/26 अप्रैल 2026 की रात हुए इस हत्याकांड में अब तक तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दी जा रही है।

उन्होंने बताया कि हत्याकांड में शामिल आरोपियों के आपराधिक इतिहास की गहन जांच की जा रही है। उनके खिलाफ गैंगस्टर एक्ट और गुंडा एक्ट के तहत कार्रवाई के साथ-साथ आय के स्रोतों की भी जांच की जाएगी। गौरतलब है कि दो दिन पूर्व खुर्जा नगर क्षेत्र में जन्मदिन के अवसर पर केक काटने को लेकर शुरू हुआ विवाद तिहरे हत्याकांड में बदल गया था। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि जीतू का जन्मदिन पहले सीमा पॉटरी में मनाया गया और बाद में एक अन्य पॉटरी में पार्टी आयोजित की गई।

बताया गया कि अमरदीप को इस पार्टी में आमंत्रित नहीं किया गया था। इस पर उसने जिम में मौजूद स्वामी रूपा को फोन कर पार्टी में बुलाए जाने की जानकारी ली। न बुलाए जाने की पुष्टि होने पर अमरदीप केक लेकर जिम पहुंच गया, जहां केक काटने के दौरान जीतू और उसके साथियों को भी बुलाया गया। जिम में पार्टी के दौरान पहले पॉटरी में आयोजित जन्मदिन समारोह में न बुलाए जाने को लेकर विवाद शुरू हो गया।

विवाद उस समय और बढ़ गया जब अमरदीप ने कथित तौर पर जीतू के चेहरे पर केक लगा दिया। इसके बाद उसने अपने चाचा मनीष और आकाश को मौके पर बुला लिया, जिसके बाद मामला हिंसक हो गया और तिहरे हत्याकांड का रूप ले लिया। एसएसपी ने फरार अभियुक्तों की गिरफ्तारी में विफल रहने और कर्तव्यों के निर्वहन में लापरवाही बरतने के कारण थाना प्रभारी खुर्जा नगर निरीक्षक प्रेमचंद शर्मा को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।

इसके अलावा कमजोर आसूचना संकलन, क्षेत्रीय गतिविधियों के प्रति अनभिज्ञता और स्थानीय स्तर पर चल रही गतिविधियों की समुचित जानकारी न होने के कारण चौकी प्रभारी बुर्ज उस्मान उपनिरीक्षक प्रीतम सिंह, मुख्य आरक्षी समीम अहमद तथा आरक्षी पारस यादव को भी तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए शेष अभियुक्तों की गिरफ्तारी के प्रयास तेज कर दिए गए हैं और पूरे प्रकरण की जांच जारी है।

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