NEET पेपर लीक : नासिक से आउट हुआ था पेपर, हरियाणा तक जुड़े हैं तार... अब तक 45 आरोपी गिरफ्तार
नई दिल्ली/नासिक। नेशनल एलिजिबिलिटी कम एंट्रेंस टेस्ट (NEET-UG) 2026 की परीक्षा में एक बार फिर पेपर लीक का बड़ा घोटाला सामने आया है। सूत्रों के अनुसार, महाराष्ट्र के नासिक से शुरू हुए इस रैकेट का जाल पूरे देश में फैला हुआ है, जिसमें राजस्थान, हरियाणा, बिहार और अन्य राज्यों के कोचिंग सेंटर्स और छात्र शामिल बताए जा रहे हैं। राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) ने सोमवार को परीक्षा रद्द कर दी और पुन: परीक्षा कराने का फैसला लिया है। सरकार ने मामले की गहन जांच के लिए केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) को सौंप दिया है।
नासिक से शुरू हुआ सिलसिलाजांच एजेंसियों के प्रारंभिक इनपुट्स के मुताबिक, नासिक में एक प्रिंटिंग प्रेस या कोचिंग नेटवर्क के माध्यम से 'गेस पेपर' या संदिग्ध प्रश्न सेट तैयार किया गया, जो परीक्षा से पहले व्हाट्सएप, टेलीग्राम और प्राइवेट ग्रुप्स के जरिए देशभर में वितरित किया गया। यह 'गेस पेपर' में सैकड़ों प्रश्न असली पेपर से मिलते-जुलते पाए गए, खासकर केमिस्ट्री और बायोलॉजी सेक्शन में।
कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि 400+ प्रश्नों वाले इस सेट में 100-140 प्रश्न सीधे मैच कर रहे थे।राजस्थान पुलिस की स्पेशल ऑपरेशंस ग्रुप (SOG) ने पहले सिकर और जयपुर जैसे कोचिंग हब्स में छापेमारी की, जहां इस मटेरियल की कीमत लाखों रुपये तक बताई जा रही है। अब जांच नासिक तक पहुंच गई है, जहां से पूरे नेटवर्क का संचालन होने का संदेह है।
अब तक 45 आरोपी गिरफ्तार
देशभर में फैला जाल
- राजस्थान में सिकर और देहरादून जैसे इलाकों में छात्रों को पहले से ही प्रश्न उपलब्ध थे।
- महाराष्ट्र (नासिक, लातूर आदि) में शिक्षक और कोचिंग ऑपरेटर्स पर शक।
- अन्य राज्यों में भी वितरण के लिंक्स मिले हैं।
पिछले NEET 2024 घोटाले की तरह यह भी एक बड़े 'माफिया' का हिस्सा लग रहा है, जिसमें प्रिंटिंग, डिस्ट्रीब्यूशन और सॉल्वर्स का पूरा सिस्टम शामिल है। एक व्हाट्सएप ग्रुप 'प्राइवेट माफिया' नाम से भी चर्चा में आया है।
CBI ने शुरू की पूरे नेटवर्क की गहन जांच
CBI ने तुरंत मामले को अपने हाथ में ले लिया है और पूरे नेटवर्क की गहन जांच शुरू कर दी है। एजेंसी पहले से ही 2024 के मामले में कई आरोपियों पर चार्जशीट दाखिल कर चुकी है। इस बार भी बड़े-बड़े कोचिंग मालिकों, शिक्षकों और संभावित NTA अधिकारियों की भूमिका की जांच हो रही है।NTA के बयान में कहा गया है कि "परीक्षा प्रक्रिया को आगे नहीं बढ़ाया जा सकता" और छात्रों के हित में पुन: परीक्षा कराई जाएगी। मौजूदा एडमिट कार्ड और रजिस्ट्रेशन वैध रहेंगे।
छात्रों में आक्रोश
देशभर के लाखों NEET aspirants इस फैसले से परेशान हैं। कई छात्रों ने सोशल मीडिया पर विरोध जताया है और कहा कि हर साल पेपर लीक या अनियमितताओं के कारण उनका भविष्य खतरे में पड़ रहा है। विपक्षी पार्टियां भी सरकार पर हमला बोल रही हैं और NTA की विश्वसनीयता पर सवाल उठा रही हैं।CBI और राजस्थान SOG की टीम नासिक समेत कई शहरों में छापेमारी और पूछताछ जारी रखे हुए है। जल्द ही बड़े खुलासे होने की उम्मीद है।
