आठवें दौर की बातचीत से पहले किसान नेता राकेश टिकैत ने रखीं ये तीन मांगें
नई दिल्ली। कृषि कानूनों को लेकर सरकार और किसानों के बीच आज आठवें दौर की बातचीत होनी है। ये बातचीत दोपहर दो बजे विज्ञान भवन में होगी। सातवें दौर की बातचीत में दो मुद्दों पर सहमति बन गई थी, वहीं आज चार में से 2 शर्तों पर चर्चा होनी है। आठवें दौर की बातचीत से …
नई दिल्ली। कृषि कानूनों को लेकर सरकार और किसानों के बीच आज आठवें दौर की बातचीत होनी है। ये बातचीत दोपहर दो बजे विज्ञान भवन में होगी। सातवें दौर की बातचीत में दो मुद्दों पर सहमति बन गई थी, वहीं आज चार में से 2 शर्तों पर चर्चा होनी है। आठवें दौर की बातचीत से पहले किसानों ने सरकार के आगे तीन मांगें रखी हैं।
भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने कहा कि मीटिंग का एजेंडा रहेगा स्वामीनाथन कमेटी की रिपोर्ट, तीन कृषि कानूनों की वापसी और न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर कानून बने। हम वापस नहीं जाएंगे। अब तक 60 किसान शहीद हो चुके हैं, सरकार को जवाब देना होगा।
वहीं, किसान मज़दूर संघर्ष कमेटी के सुखविंदर सिंह सभरा ने कहा कि अगर आज तीनों कानूनों को निरस्त करने की बात नहीं बनती और MSP गारंटी का कानून नहीं आता तो हमारे अगले कार्यक्रम पहले से ही तैयार हैं। 6 जनवरी को ट्रैक्टरों पर मार्च किया जाएगा, 7 जनवरी को देश को जगाने की कवायद शुरू होगी।
