अमेठी: वरासत अभियान के अन्तर्गत अब तक 7,75,877 आवेदन पत्र निस्तारित
अमेठी। प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर राजस्व विभाग द्वारा 15 दिसम्बर, 2020 से 28 फरवरी 2021 तक अविवादित भूमि के विधिक उत्तराधिकारियों के नाम वरासत दर्ज करने के लिए विशेष अभियान चलाया गया है। प्रदेश सरकार ने पाया कि तहसीलों पर आयोजित हो रहे समाधान दिवसों व अन्य तरह से वरासत के …
अमेठी। प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर राजस्व विभाग द्वारा 15 दिसम्बर, 2020 से 28 फरवरी 2021 तक अविवादित भूमि के विधिक उत्तराधिकारियों के नाम वरासत दर्ज करने के लिए विशेष अभियान चलाया गया है। प्रदेश सरकार ने पाया कि तहसीलों पर आयोजित हो रहे समाधान दिवसों व अन्य तरह से वरासत के मामले आ रहे है। इससे प्राप्त आवेदनों की संख्या को दृष्टिगत रखते हुए किसान की जमीन, किसान का अधिकार, सबको मिले अपना उत्तराधिकार का नारा देते हुए मुख्यमंत्री ने पूरे प्रदेश के राजस्व ग्रामों में यह अभियान चलाया है।
इस वरासत अभियान के तहत गांवों में उत्तराधिकार को लेकर जमीनों के विवाद खत्म हो रहें है। इस अभियान के तहत लोगों को वरासत दर्ज कराने के लिए ऑनलाइन व ऑफलाइन दोनों तरह की सुविधायें प्रदान की गई है। सरकार ने यह अभियान चलाकर लोगों को बड़ी राहत दी है। चलाये गये इस अभियान के अन्तर्गत प्रदेश में अब तक ऑनलाइन प्राप्त 8,08,624 आवेदन पत्रों में 7,75,877 आवेदन पत्र निस्तारित किये गये है।
प्रदेश में राजस्व संहिता के अन्तर्गत किसान की मृत्यु होने पर आश्रितों को वरासत के लिए प्रमाण सहित राजस्व संहिता की धारा 33(1) के अन्तर्गत आरसी प्रपत्र 9 पर ऑनलाइन, ऑफलाइन आवेदन करना होगा। आवेदन पत्र संबंधित क्षेत्र के लेखपाल के पास जाता है। जिसे लेकर वह संबंधित गांव में जाकर स्थलीय सत्यापन करते है।
