वाराणसी: निगेटिव महिला ने कोविड पॉजिटिव बच्ची को जन्म दिया, रिपोर्ट देखकर डॉक्टर हैरान
वाराणसी। बीएचयू के सर सुंदरलाल अस्पताल में एक बच्ची को जन्म देने वाली मां की कोरोना की जांच हुई तो रिपोर्ट निगेटिव आई। वहीं, जिस बच्ची ने जन्म लिया उसकी रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव आई है। इसे लेकर डॉक्टर भी हैरत में हैं। उधर, बच्ची के मां-बाप भी परेशान हैं कि आखिरकार ऐसा कैसे हो गया? …
वाराणसी। बीएचयू के सर सुंदरलाल अस्पताल में एक बच्ची को जन्म देने वाली मां की कोरोना की जांच हुई तो रिपोर्ट निगेटिव आई। वहीं, जिस बच्ची ने जन्म लिया उसकी रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव आई है। इसे लेकर डॉक्टर भी हैरत में हैं। उधर, बच्ची के मां-बाप भी परेशान हैं कि आखिरकार ऐसा कैसे हो गया? वहीं, अस्पताल सूत्रों का कहना है कि बच्ची में फिलहाल वायरस का लोड कम है, इस वजह से फिलहाल खतरे की कोई बात नहीं है।
25 मई को बीएचयू अस्पताल में पैदा हुई थी बच्ची
नदेसर निवासी अनिल कुमार ने बताया कि उनकी पत्नी सुप्रिया प्रजापति गर्भवती थी और उनका उपचार बीएचयू अस्पताल से चल रहा था। 24 मई को डॉक्टर के पास जब वह उन्हें ले गए तो कहा गया कि आप पत्नी की कोरोना जांच करवाएं।
रिपोर्ट आने के बाद सुप्रिया को एडमिट किया जाएगा। जांच कराई तो सुप्रिया की रिपोर्ट निगेटिव आई। सुप्रिया को एडमिट किया गया तो 25 मई को ऑपरेशन से उन्होंने बेटी को जन्म दिया। अनिल ने बताया कि मेडिकल स्टाफ ने बेटी की कोरोना जांच के लिए सैंपल लिया। बाद में बताया गया कि आपकी बेटी कोरोना पॉजिटिव है। अनिल ने कहा कि बेटी की कोरोना पॉजिटिव रिपोर्ट आने से हम चिंतित हैं कि आखिर ऐसा कैसे हुआ। फिलहाल पत्नी और बेटी दोनों ही BHU हॉस्पिटल में हैं और उन्हें कोई समस्या नहीं है।
सीएमओ बोले, मां-बेटी की दोबारा जांच कराने की जरूरत
मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. वीबी सिंह ने बताया कि यदि मां कोरोना पॉजिटिव है तो बच्चे के भी पॉजिटिव होने की संभावना है और ऐसे कई केस आए हैं। मगर, मां के निगेटिव होने पर नवजात शिशु के कोविड पॉजिटिव होने की संभावना नहीं है। इसलिए मां और बेटी दोनों की दोबारा से जांच कराने की आवश्यकता है। उधर, BHU अस्पताल के डिप्टी एमएस डॉ. सौरभ सिंह ने बताया कि हो सकता है कि मां की रिपोर्ट गलत रही हो। कभी-कभी आरटीपीसीआर रिपोर्ट गलत भी आती है। इस प्रकरण को दिखवाकर उचित उपचार की व्यवस्था कराई जा रही है।
