यूपी: विधानसभा सत्र कल से, हंगामे के आसार, 18 को पेश होगा अनुपूरक बजट
लखनऊ। विधानसभा अध्यक्ष हृदय नारायण दीक्षित ने 17 अगस्त से शुरू हो रहे विधानसभा सत्र के सुचारु संचालन के लिए सभी दलों से सहयोग देने की अपील की है। विधान भवन में सोमवार को सर्वदलीय बैठक आहुत हुई। इस बैठक में ह्रदय नारायण ने कहा कि तार्किक, तथ्यपरक एवं गुणवत्तापूर्ण संवाद से जनसमस्याओं का सार्थक …
लखनऊ। विधानसभा अध्यक्ष हृदय नारायण दीक्षित ने 17 अगस्त से शुरू हो रहे विधानसभा सत्र के सुचारु संचालन के लिए सभी दलों से सहयोग देने की अपील की है। विधान भवन में सोमवार को सर्वदलीय बैठक आहुत हुई। इस बैठक में ह्रदय नारायण ने कहा कि तार्किक, तथ्यपरक एवं गुणवत्तापूर्ण संवाद से जनसमस्याओं का सार्थक समाधान किया जा सकता है। सभी के सहयोग से सदन के सुचारू संचालन से अधिकतम वैचारिक उत्पादन का संदेश दिया जा सकता है। उन्होंने कहा कि सदन की कार्यवाही कोविड प्रोटोकॉल का पालन करते हुए सुनिश्चित की जाएगी।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री व नेता सदन योगी आदित्यनाथ ने सत्र के सुचारु संचालन में सत्ता पक्ष के संपूर्ण सहयोग का आश्वासन देते हुए कहा कि प्रदेश में कोरोना महामारी की स्थिति नियंत्रित है और गति स्थिर हो चुकी है लेकिन कोरोना अभी समाप्त नहीं हुआ है। राज्य सरकार द्वारा कोरोना को नियंत्रित करने एवं बचाव के सभी उपाय किये गये हैं। उन्होंने कहा कि संसदीय परंपरा के क्रम में इस मानसून सत्र में विभिन्न मुद्दों पर चर्चा-परिचर्चा के लिए सरकार पूरी गंभीरता एवं विश्वास के साथ सदन की कार्यवाही को आगे बढ़ाने में मदद करेगी।
मुख्यमंत्री ने बैठक में सभी दलों के नेताओं का स्वागत एवं अभिनंदन करते हुए कहा कि नियमतः उठाए जाने वाले जनकल्याणकारी मुद्दों पर सरकार सार्थक वार्ता करते हुए सभी सदस्यों के अनुभवों का लाभ उठाएगी। सदन की उच्च गरिमा और मर्यादा को बनाए रखते हुए गम्भीर चर्चा को आगे बढ़ाने से लोकतंत्र के प्रति आमजन की आस्था बढ़ती है। उन्होंने कहा कि आप सभी का सदन संचालन में सहयोग अपेक्षित है।
संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने कहा कि प्रदेश में कोरोना नियंत्रित है। विगत चार वर्षों में प्रदेश की मजबूत कानून-व्यवस्था, निवेश की बढ़ती संभावनाओं से लेकर सभी क्षेत्रों में जनकल्याण को पोषित किया गया है। उन्होंने कहा कि सदन के सुचारु संचालन से सभी को सीखने का मौका मिलता है और इसके लिए विपक्ष का सहयोग जरूरी है। बैठक में समाजवादी पार्टी के नरेंद्र सिंह वर्मा, बहुजन समाज पार्टी के शाह आलम उर्फ गुड्डू जमाली, कांग्रेस पार्टी की आराधना मिश्रा मोना, सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के ओम प्रकाश राजभर और अपना दल (सोनेलाल) की लीना तिवारी ने अपने-अपने दलों की ओर से विधान सभा सत्र के सुचारु संचालन में पूरा सहयोग प्रदान करने का आश्वासन दिया।
हंगामेदार हो सकता है मानूसन सत्र
लखनऊ। विधानसभा का मानसून सत्र 17 अगस्त से शुरू हो रहा है। ऐसे में सत्र हंगामेदार होने की संभावना है। एक तरफ जहां सदन को सुचारू रूप से चलाने के लिए सोमवार को सर्वदलीय बैठक हुई तो वहीं दूसरी तरफ विपक्ष भी तमाम मुद्दों को लेकर सरकार को घेरने की तैयारी में बैठा है। दरअसल कोरोना की दूसरी लहर के बाद पहली बार विधानसभा का ये सत्र शुरू होने जा रहा है और ऐसे में कोरोना काल में लोगों की मुश्किलों को लेकर सरकार को सदन में घेरने की तैयारी में जुटे हैं, इसके अलावा जिस तरह से महिलाओं के साथ अपराध बढ़े हैं उसे भी सदन में इस बार मुद्दा बनाने की फिराक में विपक्ष हैं। साथ ही किसान की समस्याओं को लेकर और बेरोजगारी के मुद्दे पर भी सरकार को घेरने की तैयारी कर रखी है।
बीते कुछ वर्षों से लगातार ये देखने को मिला है कि जब भी विधानसभा सत्र की शुरुआत होती है, उससे पहले समाजवादी पार्टी और कांग्रेस विधान भवन के बाहर चौधरी चरण सिंह की प्रतिमा पर जरूर सरकार की तमाम नीतियों को लेकर धरना प्रदर्शन करते हैं और कल भी इस बात की संभावना ज्यादा है। वही पिछले साढे़ चार वर्ष में अब तक सदन की कार्रवाई महज 90 दिन ही चली है। इसे लेकर कांग्रेस एमएलसी दीपक सिंह ने एक पत्र भी जारी किया है। इसे लेकर भी विपक्षी दल सरकार पर निशाना साध रहे हैं। जाहिर है ऐसे में यह मानसून सत्र काफी हंगामेदार रहने वाला है।
सदन में उठाएंगे जनता से जुड़े मुद्दे
कांग्रेस विधानमंडल दल की नेता आराधना मिश्रा मोना का कहना है कि कोरोना काल में जिस तरह से लोगों ने दवाइयों और मेडिकल सुविधाओं के आभाव में दम तोड़ दिया। उन मुद्दों को सदन में इस बार कांग्रेस जोर शोर से उठाएगी। वहीं, समाजवादी पार्टी ने भी सदन के बाहर और भीतर सरकार को घेरने की अपनी तैयारी पूरी कर रखी है।
18 को पेश होगा अनुपूरक बजट
इसके पूर्व कार्य-मंत्रणा की बैठक सम्पन्न हुई। विधानसभा अध्यक्ष हृदय नारायण दीक्षित ने बताया कि 17 अगस्त से 24 अगस्त तक घोषित कार्यक्रमों पर चर्चा होगी। उन्होंने बताया कि 17 अगस्त को स्व. विजय कुमार कश्यप, स्व. सुरेश कुमार श्रीवास्तव, स्व. रमेश चन्द्र दिवाकर, स्व. केसर सिंह, स्व. दल बहादुर एवं स्व. देवेंद्र प्रताप सिंह को श्रद्धांजलि के बाद सदन स्थगित कर दिया जाएगा। 18 अगस्त को भूतपूर्व सदस्यों को शोकांजलि दी जायेगी उसके बाद अध्यादेशों एवं अधिसूचनाओं को सदन के पटल पर रखा जायेगा तथा विधेयकों के पुरःस्थापन आदि का कार्य सम्पन्न होगा। साथ ही अनुपूरक बजट रखा जायेगा।
माना जा रहा है कि, चुनावी वर्ष में अनुपूरक बजट का आकार भी बड़ा हो सकता है, जो तकरीबन 50 से 55 हजार करोड़ का हो सकता है। 19 अगस्त को अनुपूरक अनुदानों पर चर्चा एवं विनियोग विधेयक का पुरःस्थापन, विचार एवं पारण होगा। 23 और 24 अगस्त को विधायी कार्य लिए जाएंगे। इस अवसर पर विधान सभा के प्रमुख सचिव प्रदीप कुमार दुबे, संसदीय अनुभाग और विधान सभा के अधिकारीगण उपस्थित रहे।
