लखनऊ: माल ढुलाई से बढ़ी रेलवे की कमाई, उत्तर रेलवे ने अर्जित की सबसे अधिक लदान
लखनऊ। कोरोना महामारी के दौरान ट्रेनों की आवाजाही जहां एक तरफ बाधित चल रही थी तो वहीं दूसरी तरफ उत्तर रेल प्रशासन की ओर से माल ढुलाई से होने वाली आय को बढ़ाने के प्रयास किए जा रहे हैं, जिसके परिणाम भी दिख रहे हैं। अनाज सहित अन्य सामान की ढुलाई पहले से अधिक हो …
लखनऊ। कोरोना महामारी के दौरान ट्रेनों की आवाजाही जहां एक तरफ बाधित चल रही थी तो वहीं दूसरी तरफ उत्तर रेल प्रशासन की ओर से माल ढुलाई से होने वाली आय को बढ़ाने के प्रयास किए जा रहे हैं, जिसके परिणाम भी दिख रहे हैं। अनाज सहित अन्य सामान की ढुलाई पहले से अधिक हो रही है, जिससे कमाई भी बढ़ी है।
उत्तर रेलवे के महाप्रबंधक आशुतोष गंगल ने बताया कि उत्तर रेलवे ने 2021 माह के दौरान 2.15 एमटी का सर्वश्रेष्ठ माल लदान अर्जित किया है जोकि पिछले वर्ष की इसी अवधि (1.86 एमटी) से 15.59% अधिक है। अगस्त के दौरान कंटेनर लदान 0.68 एमटी रहा, जोकि पिछले वर्ष की इसी अवधि 30.77% अधिक है। अगस्त में पीओएल लदान 0.49 एमटी रहा, जोकि पिछले वर्ष की इसी अवधि (0.36 एमटी) से 36.11% अधिक है। 2021 के दौरान ऑटोमोबाइल के 59 रैकों का लदान किया गया, जोकि पिछले वर्ष की इसी अवधि (46 रैक) से 28.26% अधिक है।
अगस्त 2021 में मालगाड़ियों की औसत गतिसीमा 46.34 किलोमीटर प्रतिघंटा रही, जोकि पिछले वर्ष की इसी अवधि (45.14 किलोमीटर प्रतिघंटा) से 2.64% अधिक है। अगस्त के दौरान कुल माल आय 261.29 करोड़ रुपए रही, जोकि पिछले वर्ष की इसी अवधि के 207.42 करोड़ रुपए की तुलना में 25.97% अधिक है।
