डरे हुए हैं आतंकवादी, मोदी के प्रधानमंत्री बनने के बाद देश में नहीं हुआ कोई बड़ा हमला- राजनाथ

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

केवडिय। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बृहस्पतिवार को कहा कि 2014 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पदभार ग्रहण करने के बाद से देश में कोई भी बड़ा आतंकवादी हमला नहीं हुआ है और आतंकवादी केंद्र की भाजपा सरकार से डरे हुए हैं। नर्मदा जिले के केवडिया में भाजपा की गुजरात इकाई की कार्यकारिणी की तीन …

केवडिय। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बृहस्पतिवार को कहा कि 2014 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पदभार ग्रहण करने के बाद से देश में कोई भी बड़ा आतंकवादी हमला नहीं हुआ है और आतंकवादी केंद्र की भाजपा सरकार से डरे हुए हैं।

नर्मदा जिले के केवडिया में भाजपा की गुजरात इकाई की कार्यकारिणी की तीन दिवसीय बैठक के दूसरे दिन प्रदेश के पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए राजनाथ सिंह ने कांग्रेस की आलोचना की और कहा कि कांग्रेस सेना के जवानों के प्रति संवेदनशील नहीं है और उसने वन रैंक वन पेंशन (ओआरओपी) के मुद्दे को 40 साल तक उलझाए रखा।

उन्होंने कहा, ” कुछ भी हो जाए, हम आतंकवादियों को सफल नहीं होने देंगे। मोदी के आने के बाद जम्मू- कश्मीर को छोड़िए, भारत के किसी भी हिस्से में कोई बड़ा आतंकवादी हमला नहीं हुआ। यह हमारी बड़ी उपलब्धि है। ऐसा जान पड़ता है कि अब आतंकवादी भाजपा सरकार से डरे हुए हैं। यह कोई छोटी बात नहीं है।”

राजनाथ सिंह ने कहा, ” आतंकवादियों ने अब अहसास कर लिया है कि वे अपने पनाहगाह में भी सुरक्षित नहीं हैं। उरी हमने के बाद हमने जो (पीओके में सर्जिकल स्ट्राइक) किया, उसने दुनिया को स्पष्ट संदेश दिया कि हम जरूरत पड़ने पर इस तरफ और सीमा को पार करके भी आतंकवादियों की जान ले सकते हैं।”

रक्षा मंत्री ने कहा कि यदि पिछली सरकार सेना के जवानों के प्रति संवेदनशील हाती तो 40 साल पुराने ओआरओपी का मुद्दा सुलझ गया होता, लेकिन कांग्रेस ने यह मांग नहीं मानी। उन्होंने कहा, ”परंतु मोदीजी ने उसे तत्काल लागू किया। इससे कांग्रेस और भाजपा सरकार के बीच फर्क दिखता है।” सिंह ने यह कहते हुए कांग्रेस और उसके नेताओं पर प्रहार किया कि उन्होंने बस महात्मा गांधी के नाम का इस्तेमाल किया, उनके पदचिह्नों पर वे चलने में विफल रहे।

अयोध्या में राममंदिर का जिक्र करते हुए वरिष्ठ भाजपा नेता ने कहा, ” हम जो वादा करते हैं, उसे हमेशा निभाते हैं। ये बस चुनावी नारे नहीं होते… यह हमारी सांस्कृतिक प्रतिबद्धता है। अब कोई भी शक्ति भव्य राममंदिर का निर्माण नहीं रोक सकती है। (मस्जिद) ढांचा ढहने के बाद हमने अपनी तीन सरकारें कुर्बान कर दी थी। केंद्र ने हमारी तीन सरकारों को बर्खास्त कर दिया था लेकिन हमने कभी अपनी प्रतिबद्धता एवं आंदोलन में कोई ढील नहीं आने दी।”

रक्षा मंत्री के संबोधन के बाद रक्षा मंत्रालय एवं गुजरात सरकार ने आगामी रक्षा एक्सपो -2022 के लिए एक सहमति पत्र पर हस्ताक्षर किये। इस मौके पर सिंह और गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी मौजूद थे। रूपाणी ने घोषणा की कि रक्षा एक्सपो- 2022 का आयोजन अगले साल दस मार्च से 13 मार्च तक गांधीनगर में होगा।

यह भी पढ़ें-

अफगानिस्तान में सरकार बनाने को तालिबान तैयार, ये हो सकते हैं सर्वोच्च नेता

संबंधित समाचार