अयोध्या: नकली नोट छापने वाले गिरोह का पर्दाफाश, सात गिरफ्तार
अयोध्या। पुलिस ने नकली नोट छापने वाले गिरोह को बेनकाब करते हुए सात आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि एक भागने में कामयाब हो गया। पुलिस ने आरोपियों से 200 व 500 के 1.58 लाख के नकली नोट बरामद किए हैं। साथ ही एक कलर प्रिंटर, स्कैनर व काले रंग की स्कॉर्पियो भी जब्त की …
अयोध्या। पुलिस ने नकली नोट छापने वाले गिरोह को बेनकाब करते हुए सात आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि एक भागने में कामयाब हो गया। पुलिस ने आरोपियों से 200 व 500 के 1.58 लाख के नकली नोट बरामद किए हैं। साथ ही एक कलर प्रिंटर, स्कैनर व काले रंग की स्कॉर्पियो भी जब्त की है।
एसएसपी शैलेश कुमार पांडे ने आरोपियों को गिरफ्तार करने वाली थाना कैंट पुलिस की टीम को 25 हजार रुपये इनाम की घोषणा की है। फरार आरोपी की तलाश में पुलिस छापेमारी कर रही है। थाना कैंट पुलिस को शनिवार को सूचना मिली की नकली नोट छापने वाले आरोपी काले रंग की स्कॉर्पियो यूपी 32 एलआर 7120 में सवार होकर सहादतगंज बाईपास क्रॉस कर रहे हैं।
पुलिस ने मुश्तैदी दिखाते हुए दोपहर 2.30 बजे के करीब बनवीरपुर मोड़ सहादतगंज के पास नाकाबंदी कर आरोपियों को पकड़ लिया, जिनकी पहचान अभिषेक पांडेय गोसाईगंज, अयोध्या, रजनीश तिवारी, हिसार, अजीत सिंह यादव निवासी हिसार, फकीर पुत्र वजीर सिंह निवासी हिसार, हरियाणा, अनिरुद्ध कुमार निवासी सिंगवन पुरुषोत्तम पट्टी भवानीगंज थाना अहिरौली, विशाल चौहान निवासी विजयव गांव कोतवाली अकबरपुर दोनों अम्बेडकरनगर व मो. सईद निवासी गोसाईगंज थाना गोसाईगंज जनपद अयोध्या के रूप में हुई, जबकि अंबेडकरनगर के थाना अहिरौली स्थित पिछवारा चचिकपुर का विकास यादव भागने में कामयाब हो गया। थाना कैंट में सभी आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोपियों के पास से एक कलर प्रिंटर और 200 व 500 के 1.58 हजार के नकली नोट बरामद हुए हैं।
ठेकों व मंडी में चलाते थे नोट
पुलिस के अनुसार आरोपी असली नोटों को प्रिन्टर से स्कैन कर उसके जाली नोट तैयार करके पेट्रोल पंप, शराब के ठेको व सब्जी मंडी आदि जगहों पर चलाते थे। क्योंकि इन जगहों पर तेजी के साथ हिसाब-किताब किया जाता है और नोट जल्दी पकड़ में भी नहीं आते हैं। यह भी पता चला है कि ये लोग असली नोटों के बदले में दो गुना नकली नोट देने का सौदा करते थे।
हरियाणा के आरोपी प्रदेश में पसार रहे पैर
इधर बीच देखा जा रहा है कि दंद-फंद के कार्यों में संलिप्त हरियाणा के आरोपी प्रदेश में अपने पांव जमा रहे हैं। माना जाता है कि आरोपी दूसरे प्रदेशों को इसलिए अपना अड्डा बनाते हैं, ताकि वे अपना काम करके निकल जाएं और उन्हें पुलिस जल्दी पकड़ भी न पाए। अभी तीन दिन पहले ही एटीएम कार्ड क्लोन कर पैसे उड़ाने वाले गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया था। उस कांड में भी हरियाणा के आरोपी संलिप्त थे।
