मुरादाबाद : टीएमयू में पंखे से लटका मिला छात्रा का शव

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मुरादाबाद, अमृत विचार। पाकबड़ा स्थित तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी में एमडीएस की छात्रा का शव दुपट्टे के सहारे पंखे से लटका मिला। आत्महत्या करने वाली छात्रा हापुड़ की रहने वाली थी। यूनिवर्सिटी प्रबंधन की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मौके पर फारेंसिक टीम को बुलाकर साक्ष्य भी एकत्र कराए …

मुरादाबाद, अमृत विचार। पाकबड़ा स्थित तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी में एमडीएस की छात्रा का शव दुपट्टे के सहारे पंखे से लटका मिला। आत्महत्या करने वाली छात्रा हापुड़ की रहने वाली थी। यूनिवर्सिटी प्रबंधन की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मौके पर फारेंसिक टीम को बुलाकर साक्ष्य भी एकत्र कराए गए। छात्रा के पिता की तहरीर पर उसे दो सहपाठियों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस मामले की छानबीन में जुटी है।

हापुड़ में मोदी नगर रोड शिवनगर के मकान नंबर 24 निवासी प्रमोद कुमार मूल रूप से ग्राम हाफिजपुर के निवासी हैं। खेतीबाड़ी करने वाले प्रमोद कुमार के परिवार में पत्नी रेखा, बेटी वैशाली चौधरी और बेटा विशाल है। करीब 23 वर्षीया वैशाली चौधरी पाकबड़ा स्थित टीएमयू में एमडीएस द्वितीय वर्ष की छात्रा थी। वह गर्ल्स हास्टल की चौथी मंजिल पर एमडीएस द्वितीय वर्ष की छात्रा प्रिया के साथ रहती थी। टीएमयू के मीडिया प्रभारी डॉ. एमपी सिंह के अनुसार सुबह करीब साढ़े 11 बजे प्रिया डेंटल कालेज से हॉस्टल पहुंची तो उसका कमरा अंदर से बंद था।

प्रिया ने दरवाजा जोर-जोर से खटखटाया और वैशाली चौधरी को आवाजें भी लगाईं मगर अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं हुई। तब प्रिया ने खिड़की से झांककर कर देखा। अंदर का दृश्य देख प्रिया जोर-जोर से चिल्लाने लगी। कमरे में वैशाली का शव पंखे से लटका हुआ था। उसने दुपट्टे का फंदा बनाकर फांसी लगा ली थी। प्रिया के चिल्लाने की आवाज सुनकर हॉस्टल स्टाफ और वार्डन सुषमा भदौरिया भी मौके पर पहुंच गईं। प्रिया ने उन्हें वैशाली का शव पंखे से लटका होने की सूचना दी।

वार्डन ने तत्काल सूचना निदेशक प्रशासन अभिषेक कपूर और डवलपमेंट एंड प्लानिंग के निदेशक विपिन जैन को घटना से अवगत कराया। तब अभिषेक कपूर ने पाकबड़ा पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने शव को नीचे उतार कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। फील्ड यूनिट को बुलाकर साक्ष्य भी एकत्र कराए गए। पुलिस को मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। जानकारी मिलने पर सीओ हाइवे डॉ. गणेश कुमार गुप्ता तथा सीओ सिविल लाइंस इंदू सिद्धार्थ ने भी घटनास्थल का निरीक्षण कर मातहतों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। पुलिस ने सीसीटवी कैमरे की फुटेज भी देखी। पुलिस घटना को प्रेम प्रसंग मानकर चल रही है। इंस्पेक्टर योगेंद्र कृष्ण यादव ने बताया कि जांच की जा रही है।

सूचना मिलते ही परिवार में मचा कोहराम
घटना की सूचना मिलते ही छात्रा के परिवार में कोहराम मच गया। प्रमोद कुमार और रेखा की दो संतान हैं। फांसी लगाकर जान देने वाली वैशाली बड़ी थी। उससे दो साल छोटा बेटा विशाल है। बेटी की मौत की सूचना मिलते ही माता-पिता सुध-बुध खो बैठे। छोटे भाई का भी बुरा हाल हो गया। पिता के साथ छात्रा की मां व छोटा भाई भी टीएमयू पहुंच गए और शव देखते ही बुरी तरह बिलखने लगे।

दो छात्रों के खिलाफ आत्महत्या के लिए प्रेरित करने की रिपोर्ट
एमडीएस की छात्रा वैशाली चौधरी की मौत के मामले में उसके पिता प्रमोद कुमार की तहरीर पर उसके सहपाठियों समर्थ व आशीष के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। तहरीर में प्रमोद कुमार ने दोनों छात्रों पर अपनी बेटी को परेशान करने का आरोप लगाते हुए गहनता से छानबीन करने की पुलिस से मांग की है।

सीसीटीवी फुटेज में हताश दिखाई दी छात्रा
इंस्पेक्टर पाकबड़ा ने बताया कि हॉस्टल में लगे सीसीटीवी फुटेज में छात्रा घटना से पहले किसी से फोन पर बात करती हुई दिखाई दी। फोन कटने के बाद कमरे की ओर जाते समय वह भारी कदमों से चल रही थी। उसके चेहरे पर हताशा साफ दिखाई दी। शायद इसी हताशा के कारण उसने आत्मघाती कदम उठा लिया।

दो छात्राओं के साथ कमरा नंबर 437 में रहती थी वैशाली
फांसी का फंदा लगाकर आत्महत्या करने वाली 23 वर्षीया वैशाली चौधरी गर्ल्स हास्टल के चौथी मंजिल पर स्थित कमरा नंबर 437 में रहती थी। इसी कमरे में दो अन्य छात्राएं प्रिया और रंगोली भी रहती थीं। रंगोली अपने घर गई हुई थी जबकि प्रिया यूनिवर्सिटी में थी। वैशाली रविवार को इसी कालेज की छात्रा रही उर्वशी के साथ देहरादून से मुरादाबाद आई थी। उर्वशी ने भी टीएमयू से ही बीडीएस किया है। वह फिलहाल देहरादून में रह रही है।

खुश थी मेरी बेटी, नहीं कर सकती खुदकुशी
वैशाली की मां रेखा बेटी की आत्महत्या की खबर से हतप्रभ हैं। उनका कहना है सुबह साढ़े आठ बजे ही उन्होंने वैशाली से फोन पर बात की थी। वह काफी खुश थी। उसने किसी तरह की उलझन का न तो जिक्र किया और न ही उसकी बातों से उन्हें ऐसा कुछ महसूस हुआ। उनकी बेटी आत्महत्या नहीं कर सकती। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

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