बरेली: प्राचार्य ने तोड़फोड़ करने वाले छात्रों के खिलाफ दी तहरीर
बरेली, अमृत विचार। बरेली कॉलेज में एबीवीपी कार्यकर्ताओं व छात्रों के द्वारा हंगामा और तोड़फोड़ करने के मामले में प्राचार्य डा. अनुराग मोहन और चीफ प्रॉक्टर वंदना शर्मा की ओर से बारादरी पुलिस को रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए तहरीर दी गई है। हालांकि अभी तक पूर्व में दी गई तहरीर पर ही रिपोर्ट दर्ज …
बरेली, अमृत विचार। बरेली कॉलेज में एबीवीपी कार्यकर्ताओं व छात्रों के द्वारा हंगामा और तोड़फोड़ करने के मामले में प्राचार्य डा. अनुराग मोहन और चीफ प्रॉक्टर वंदना शर्मा की ओर से बारादरी पुलिस को रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए तहरीर दी गई है। हालांकि अभी तक पूर्व में दी गई तहरीर पर ही रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई है। दूसरी ओर चौकी इंचार्ज ने छात्र के द्वारा दी गई तहरीर के मामले में कर्मचारी कल्याण यूनियन के अध्यक्ष जितेंद्र मिश्रा को फोन कर पूछताछ के लिए बुलाया।
इसको लेकर अध्यक्ष का कहना है कि पहले हुए विवाद में वह मौके पर ही नहीं थे लेकिन इसके बावजूद उन्हें फंसाने की साजिश की जाएगी। उधर शिक्षक व कर्मचारी 22 अक्टूबर को होने वाली आम सभा की बैठक को लेकर रणनीति तैयार कर रहे हैं। 21 अक्टूबर को कॉलेज खुलने के दौरान भी फार्म जमा न होने पर विवाद होने की आशंका है।
बता दें कि बरेली कॉलेज में 12 अक्टूबर को फार्म जमा करने को लेकर एबीवीपी कार्यकर्ताओं और कर्मचारियों के बीच झगड़ा हो गया था। जिसमें कर्मचारी नेता ने मारपीट का आरोप लगाया था। कर्मचारी की ओर से दी गई शिकायत प्राचार्य व चीफ प्रॉक्टर ने बारादरी पुलिस को फारवर्ड कर रिपोर्ट दर्ज करने की मांग की थी। इस विवाद के बाद कर्मचारियों और एबीवीपी ने विरोध की चेतावनी दी थी। इसके बावजूद न तो पुलिस ने कोई कार्रवाई की थी और न ही कॉलेज प्रशासन ने। इसके बाद शनिवार को छात्र की ओर से कर्मचारियों के खिलाफ जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल करने, मारपीट व लूट की तहरीर दी गई थी।
हालांकि इस मामले में भी पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की थी। जिसके बाद सोमवार को कर्मचारियों ने कार्य बहिष्कार कर दिया था। इसका विरोध करते हुए एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने छात्रों के साथ मिलकर जमकर तोड़फोड़ की थी। किसी तरह मामला शांत हुआ था। अब सोमवार को हुई तोड़फोड़ के मामले में प्राचार्य की ओर से तहरीर दी गई है। अब देखना है कि पुलिस इसकी रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई करती है या फिर नहीं। क्या कॉलेज प्रशासन छात्रों के खिलाफ कोई कार्रवाई करेगा।
