मुरादाबाद : कटघर में रामगंगा का पानी लाल निशान छूने को बेताब

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मुरादाबाद, अमृत विचार। कोसी के कहर से जूझ रहे लोगों को रामगंगा नदी का पानी डराने लगा है। कटघर में नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। गुरुवार को 10 घंटे में 12 सेंटीमीटर की वृद्धि दर्ज की गई। पहाड़ों में हुई बारिश की वजह से नदी का जलस्तर कटघर गेज का लाल निशान छूने …

मुरादाबाद, अमृत विचार। कोसी के कहर से जूझ रहे लोगों को रामगंगा नदी का पानी डराने लगा है। कटघर में नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। गुरुवार को 10 घंटे में 12 सेंटीमीटर की वृद्धि दर्ज की गई। पहाड़ों में हुई बारिश की वजह से नदी का जलस्तर कटघर गेज का लाल निशान छूने को बेताब दिखा। रामगंगा का जलस्तर बढ़ने के साथ ही शहरी लोगों को भी हार का खतरा सताने लगा है।

जिगर कॉलोनी क्षेत्र के नेट बाबा मंदिर के सामने बना लकड़ी का अस्थाई पुल बह गया। इस वजह से नाव के सहारे शहर से उस पार जाने और वहां से मजदूरी के लिए शहर आने वालों को नाव का सहारा लेना पड़ा। उधर, काफियाबाद, इस्लामनगर, काजीपुरा और खैय्या खद्दर इलाके में पानी का दबाव बढ़ता जा रहा है। इस्लामनगर तिराहा से सलेमसराय की ओर जाने वाली सड़क दोपहर बाद ओवरफ्लो हो गई। इस संपर्क मार्ग पर डेढ़ से दो फीट ऊपर पानी बह रहा है।

काफियाबाद गांव के चारों तरफ पानी बढ़ता जा रहा है। खैय्या खद्दर गांव के सामने चार से पांच फिट पानी सड़क पर ओवरफ्लो कर रहा है। जबकि शहरी क्षेत्र के जिगर कॉलोनी, वारसीनगर, वरबालान, चक्कर की मिलक, चट्टा पुल आदि क्षेत्रों में लोग जलस्तर बढ़ने से घबराए नजर आए। सीएल गुप्ता इंस्टिट्यूट क्षेत्र में पानी का दबाव देखा गया। उधर, डिलारी क्षेत्र के सलेमसराय, मुड़िया, अटायन, काजीपुरा, मढैया, रिठवाला, नौबतपुर आदि गांव में खेतों में पानी भर गया है।

सलेमसराय के शहादत ठेकेदार, सलामतउल्ला, हाजी मियां जान आदि का कहना है कि धान की फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई। इस्लामनगर तिराहा से मुस्तापुर गांव के बीच नदी का पानी तेजी के साथ बढ़ रहा है। आसपास के लोग बताते हैं कि कोसी नदी के ओवरफ्लो से दमदमा और ढेला नदी ने डिलारी क्षेत्र की ओर रुख कर दिया है। इस वजह से काफियाबाद, घोसीपुरा और आसपास के गांवों में लगातार पानी बढ़ रहा है। घोसीपुरा- काफियाबाद के बीच सड़क पर दो फिट पानी बह रहा है

नदी जल स्तर खतरा का निशान छोड़ा गया पानी एक्यूसेक
रामगंगा कटघर 190.08 190.60
गंगा तिघरी 200.35
गंगा ब्रजघाट 198.40 199.34
गंगा बिजनौर 119.50 220.20 187388 एवं 96678
खो बैराज 1840
हरेवली 6480
कोसी रामनगर 14763
कोसी रामपुर 33110

बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में पानी का दबाव कम हुआ है। लेकिन, फसलों का नुकसान अधिक है। मूढ़ापांडे क्षेत्र के छह गांवों का भ्रमण किया है। पानी कम होने के बाद क्षति का आकलन कराया जाएगा। मनेरा, जगरामपुर सहित अन्य गांव के किसानों से बात की गयी। सिंचित और असिंचित खेती के लिए अनुदान तय है। उस आधार पर किसानों को सरकारी सहायता दिलायी जाएगी।-युगराज सिंह, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व)

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