बरेली: भारतीय सेना की छांव में सुनहरा भविष्य रचेंगे कश्मीर से आए छात्र
बरेली, अमृत विचार। भारतीय सेना की छांव में सुनहरा भविष्य रचने के लिए भारत सरकार के ऑपरेशन सद्भावना के तहत बुधवार को तीन छात्राओं समेत 29 छात्र बरेली पहुंचे। सेना के यूबी एरिया मुख्यालय में इन छात्रों का जीओसी एसएस महल ने भव्य स्वागत किया। इन छात्रों का आर्मी स्कूल में दाखिला कराया जाएगा जहां …
बरेली, अमृत विचार। भारतीय सेना की छांव में सुनहरा भविष्य रचने के लिए भारत सरकार के ऑपरेशन सद्भावना के तहत बुधवार को तीन छात्राओं समेत 29 छात्र बरेली पहुंचे। सेना के यूबी एरिया मुख्यालय में इन छात्रों का जीओसी एसएस महल ने भव्य स्वागत किया। इन छात्रों का आर्मी स्कूल में दाखिला कराया जाएगा जहां ये अपना भविष्य गढ़ सकेंगे।
कश्मीर में व्यापक पैमाने पर संवैधानिक परिवर्तन के बाद भारत सरकार ने आम जनों की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध कश्मीर के छात्रों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने और देश प्रेम की भावना से ओतप्रोत करने के लिए ऑपरेशन सदभावना की शुरुआत की है। कश्मीर के छात्रों को सेना की पहल पर पहली बार भारतीय सेना के आरआर बटालियन (राष्ट्रीय राइफल्स ) द्वारा चयनित कर आर्मी स्कूल में दाखिला दिलाया गया है।
यादों में बांधे रहेगी माता-पिता और परिवार की तस्वीर
शिक्षा के माध्यम से अपने सपनों को साकार करने के लिए सैकड़ों किमी की दूरी तय कर छात्रों को यहां लाया गया है। शिक्षा ग्रहण करने के दौरान छात्रों को माता-पिता और परिवार के लोगों की याद न सताए, इसलिए सेना द्वारा आयोजित कार्यक्रम में छात्रों को उनके माता-पिता और परिजनों के साथ की फ्रेम में सजाई तस्वीर भेंट की गई जिसे देख छात्रों के चेहरे खिल उठे। कुछ छात्रों ने तस्वीर को सीने से लगा लिया और कुछ छात्र काफी देर तक तस्वीर को चूमते दिखे।
भारतीय सेना के भव्य स्वागत से हुए गदगद
सेना के ऑपरेशन सद्भावना के तहत कश्मीर के छात्रों का यूबी एरिया मुख्यालय परिसर में भव्य स्वागत किया गया। करीब 9 बजे मुख्यालय पहुंचे छात्रों का सेना के पाइप बैंड से विशेष अवसरों पर बजाई जाने वाली स्वागत धुन से छात्रों का अभिनंदन किया गया। सभी छात्रों के साथ उच्चाधिकारियों ने यादगार के लिए सामूहिक फोटो भी खिंचवाई।
आर्मी पब्लिक स्कूल पिथौरागढ़ में छात्रों को मिला दाखिला
कश्मीर में तैनात सेना की आरआर बटालियन ने चयन प्रक्रिया आयोजित कर छात्रों का चयन किया। चयनित सभी छात्रों को योग्यता के आधार पर आगे की पढ़ाई के लिए उत्तराखंड राज्य के पिथौरागढ़ जनपद में स्थित आर्मी पब्लिक स्कूल को चुना गया है। 1993 में स्थापित इस स्कूल से अनेक ऐसे छात्र शिक्षा पा चुके हैं जो राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय पटल पर देश का मान बढ़ा रहे हैं। कश्मीर के कुपवाड़ा, पुलवामा, बारामुला और श्रीनगर सहित अनेक जनपदों से छात्रों को प्रवेश के लिए चुना गया है। इस दौरान बरेली के आर्मी पब्लिक स्कूल के छात्र व शिक्षक भी शामिल रहे।
सेना का यह कदम दुनिया को देगा शांति का संदेश : एसएस महल
सेना के यूबी एरिया मुख्यालय के जीओसी एसएस महल ने बताया कि सेना द्वारा कश्मीर के छात्रों को मुख्यधारा से जोड़ने की यह पहल न सिर्फ शांति का संदेश देगी बल्कि राज्य के बच्चों को जीवन में आगे बढ़ने, चुनौतियों से पार पाने और देश का महान नागरिक बनने के लिए भी प्रेरित करेगा। यह कदम अपनी तरह का पहला कदम है जो सेना द्वारा कश्मीर के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा में सुधार और सुदृढ़ता के लिए उठाया गया है। आर्थिक रूप से गरीब परिवारों के छात्रों को प्रतिष्ठित आर्मी पब्लिक स्कूल, पिथौरागढ़ में भविष्य की शिक्षा के लिए चुना गया था।
