बरेली: स्मार्ट एग्रीकल्चर सिस्टम से होगी काजू की खेती
बरेली, अमृत विचार। बरेली व आसपास के क्षेत्रों में जल्द ही काजू और अन्य ड्राई फ्रूट्स की खेती भी होगी। यह खेती स्मार्ट एग्रीकल्चर सिस्टम से होगी। एमजेपी रुहेलखंड विश्वविद्यालय के इलेक्ट्रानिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग विभाग ने यह सिस्टम तैयार किया है। इस सिस्टम से सिंचाई व तापमान नियंत्रण का पता चल सकेगा। ईसी विभाग …
बरेली, अमृत विचार। बरेली व आसपास के क्षेत्रों में जल्द ही काजू और अन्य ड्राई फ्रूट्स की खेती भी होगी। यह खेती स्मार्ट एग्रीकल्चर सिस्टम से होगी। एमजेपी रुहेलखंड विश्वविद्यालय के इलेक्ट्रानिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग विभाग ने यह सिस्टम तैयार किया है। इस सिस्टम से सिंचाई व तापमान नियंत्रण का पता चल सकेगा। ईसी विभाग के सहायक प्रो. सुमित श्रीवास्तव ने बीटेक चतुर्थ सेमेस्टर के छात्रों ऋतिक वर्मा, विकास एवं ऋषि सक्सेना के साथ प्रोजेक्ट की नींव डाली। इसके तहत काजू के पौधे भी लगाए गए हैं।
सुमित श्रीवास्तव ने बताया कि यह एक स्मार्ट प्रोजेक्ट है। इसमें काजू की खेती के लिए अनुकूल वातावरण बनाया जाएगा। इसमें सेंसर व प्रोसेसर के माध्यम से सिंचाई से लेकर तापमान नियंत्रण तक के सभी कार्य होंगे। इसमें मिट्टी की नमी का पता चलते ही सिंचाई हो जाएगी। इसके लिए किसी भी मानव श्रम और रखरखाव की आवश्यकता नहीं होगी।
उन्होंने बताया कि उनका लक्ष्य काजू की खेती के लिए अनुकूल माहौल बनाकर अधिक से अधिक खेती करने का है ताकि आसपास के किसान भी इससे लाभांवित हो सकें। उन्होंने कुलपति प्रो. केपी सिंह को प्रोजेक्ट के लिए धन्यवाद दिया। प्रोजेक्ट की शुरुआत के दौरान ईसी विभागाध्यक्ष प्रो. मनीष राय, प्रो. एसके तोमर, डा. छवि शर्मा, डा. हरि सिंह ने भी अपने विचार रखे।
