छात्रवृत्ति के 27.52 लाख रुपये का गबन करने वाला महाराष्ट्र से गिरफ्तार, जानें पूरा मामला
लखनऊ। राजधानी की हजरतगंज पुलिस ने पिछले एक साल से फरार चल रहे छात्रवृत्ति के 27 लाख 52 हजार रुपये गबन करने वाले आरोपी को महाराष्ट्र से गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी सत्येन धनजी सावला महाराष्ट्र के थाणे का रहने वाला है। इस मामले को लेकर समाज कल्याण विभाग के संयुक्त निदेशक पीके त्रिपाठी ने …
लखनऊ। राजधानी की हजरतगंज पुलिस ने पिछले एक साल से फरार चल रहे छात्रवृत्ति के 27 लाख 52 हजार रुपये गबन करने वाले आरोपी को महाराष्ट्र से गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी सत्येन धनजी सावला महाराष्ट्र के थाणे का रहने वाला है। इस मामले को लेकर समाज कल्याण विभाग के संयुक्त निदेशक पीके त्रिपाठी ने गत 18 नवंबर 2020 को प्राथमिकी दर्ज कराई थी।
मामले की जानकारी देते हुए आईओ एसआई महेश दत्त शुक्ला ने बताया कि वर्ष 2014 में उप्र सरकार की ओर से अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों को एक कमर्शियल पाइलेट कोर्स के लिए 28 लाख रुपये तक छात्रवृत्ति देने की योजना शुरू की थी। तालकटोरा थाना अंतर्गत राजाजीपुरम निवासी मनीषा ने इस कोर्स में एडमीशन लेकर छात्रवृत्ति के लिए आवेदन किया था। पर अगले एक वर्ष तक उसकी छात्रवृत्ति नहीं आई। उसने इसकी शिकायत समाज कल्याण विभाग को की तो पता चला कि पैसे काफी समय पूर्व ही एक बैंक अकाउंट में ट्रांसफर किये जा चुके हैं। विभागीय जांच में पता चला कि पैसे गबन कर दिये गये हैं।
पैसे भेजने से पूर्व नहीं किया गया अकाउंट वेरीफिकेशन : आईओ
आईओ महेश दत्त ने बताया कि विभाग की ओर से छात्रवृत्ति के पैसे भेजने से पूर्व अकाउंट को वेरीफाई नहीं किया गया। आवेदक लखनऊ की थी, जबकि यह अकाउंट बुलंद शहर के आईसीआईसीआई बैंक का था। हालांकि पकड़े गए आरोपी से पूछताछ चल रही है कि उसकी बैंक अकाउंट डिटेल समाज कल्याण विभाग तक कैसे पहुंची।
शिक्षण संस्थान की ओर से दिया गया था अकाउंट डिटेल : छात्रवृत्ति कोषांग प्रभारी
समाज कल्याण विभाग के छात्रवृत्ति कोषांग प्रभारी केपी त्रिपाठी ने बताया कि आवेदिका द्वारा बताए गए शिक्षण संस्थान की ओर से जो बैंक डिटेल दी गई थी, उसी में छात्रवृत्ति के पैसे भेजे गये थे। गबन का पता चलने पर प्राथमिकी कर दी गई थी। वहीं मामले से संबंधित विभागीय कर्मचारियों के खिलाफ भी आरोप पत्र गठित किया गया था।
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