मुरादाबाद : न कूड़े से खाद बनी और न निगम कर पाया संस्था का चयन

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

मुरादाबाद, अमृत विचार। स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत महानगर को साफ रखने और निगम की आय बढ़ाने वाला प्रोजेक्ट वर्ष 2021 में भी धरातल पर नहीं आ सका। यह प्रोजेक्ट था कि कूड़े से खाद बनाने का। स्वच्छ भारत मिशन के तहत करीब ढाई करोड़ की लागत से ट्रंचिंग ग्राउंड में यह प्रोजेक्ट शुरू भी …

मुरादाबाद, अमृत विचार। स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत महानगर को साफ रखने और निगम की आय बढ़ाने वाला प्रोजेक्ट वर्ष 2021 में भी धरातल पर नहीं आ सका। यह प्रोजेक्ट था कि कूड़े से खाद बनाने का। स्वच्छ भारत मिशन के तहत करीब ढाई करोड़ की लागत से ट्रंचिंग ग्राउंड में यह प्रोजेक्ट शुरू भी हो गया। कई बार खाद बनाने की प्रक्रिया भी शुरू हुई लेकिन, लगातार चालू नहीं रह सकी। यही वजह है कि अभी तक खाद की बिक्री के लिए संस्था का भी चयन नहीं हो सका है।

महानगर को स्वच्छ रखना निगम अधिकारियों के लिए चुनौती बना हुआ है। तमाम प्रयासों के बाद भी कूड़ा निस्तारण के मामले में निगम की व्यवस्थाओं में सुधार नहीं हो पा रहा है।

डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन के लिए मौजूदा समय में चार कंपनियां कार्यरत हैं। इसके अलावा दो नई कंपनियों को लाने की कवायद चल रही है। इसके बाद भी महानगर में जगह-जगह गंदगी के ढेर नजर आते हैं। प्लाटों के अलावा शहर में जगह-जगह पड़े रहने वाले कूड़े के ढ़ेर ‘क्लीन मुरादाबाद ग्रीन मुरादाबाद’ को आइना दिखा रहे हैं।

कोरोना काल से पहले शुरू किया गया था प्रोजेक्ट
कोरोना काल से पहले महानगर से निकलने वाले कूड़े के ढ़ेर से खाद बनाने का प्रोजेक्ट शुरू हुआ था। हालांकि इस बीच कोरोना के कारण लगे लाकडाउन ने प्रोजेक्ट की रफ्तार को थाम दिया। हालांकि छूट मिलने के बाद इस प्रोजेक्ट पर तेजी से काम किया गया। इसके पीछे निगम अधिकारियों की मंशा थी कि जहां खाद बनने से कूड़े का निस्तारण होगा तो वहीं निगम की आय भी बढ़ेगी। कई बार कूड़े से खाद बनाने की टेस्टिंग भी की गई लेकिन, वह निरंतर जारी नहीं रह सकी। लिहाजा साल बीतने के बाद भी महानगरवासियों को जहां कूड़े से निजात नहीं मिल सकी है तो वहीं निगम की आय में भी बढ़ोतरी नहीं हुई है।

रोज चार टन निकलता है कूड़ा
महानगर में करीब नौ लाख की आबादी रहती है। सभी वार्डो में नियमित सफाई कराने के लिए करीब 2200 सफाईकर्मियों की तैनाती है। महानगर से निकलने वाले कूड़े के लिए कटघर क्षेत्र में रामपुर रोड पर रामगंगा नदी के पुल के पास ट्रंचिंग ग्राउंड बनाया गया था। नियमित तौर पर चार से साढ़े चार टन कूड़ा रोजाना वहां पर फेंका जाता है।

अपर नगर आयुक्त अनिल कुमार सिंह ने बताया कि कूड़े से खाद बनाने की प्रक्रिया कई बार शुरू की जा चुकी है। आगामी वर्ष से यह निरंतर जारी रहने के साथ ही खाद की बिक्री भी शुरू कर दी जाएगी। इसके लिए कंपनियों का चयन किया जा रहा है।

संबंधित समाचार