प्रतापगढ़: गांधीवादी सिद्धांतों के पक्के सिपाही थे पूर्व केंद्रीय मंत्री स्वर्गीय रामकिंकर
प्रतापगढ़। उत्तर प्रदेश में प्रतापगढ़ मुख्यालय से करीब 20 किलोमीटर दूर पट्टी तहसील के सराय रजई गांव में पूर्व केंद्रीय मंत्री स्वर्गीय रामकिंकर के सौवें जन्म दिवस के अवसर पर आयोजित समारोह में सभी वक्ताओं ने एक सुर में कहा कि वह गांधीवादी सिद्धांतों के पक्के सिपाही थे। समारोह में उपस्थित अतिथियों ने स्वर्गीय रामकिंकर …
प्रतापगढ़। उत्तर प्रदेश में प्रतापगढ़ मुख्यालय से करीब 20 किलोमीटर दूर पट्टी तहसील के सराय रजई गांव में पूर्व केंद्रीय मंत्री स्वर्गीय रामकिंकर के सौवें जन्म दिवस के अवसर पर आयोजित समारोह में सभी वक्ताओं ने एक सुर में कहा कि वह गांधीवादी सिद्धांतों के पक्के सिपाही थे। समारोह में उपस्थित अतिथियों ने स्वर्गीय रामकिंकर एवं उनकी पत्नी स्वर्गीय विमला देवी की समाधि पर उनके चित्र पर माल्यार्पण किया व पुष्पांजलि अर्पित की।
स्वर्गीय रामकिंकर 1952 से पांच बार विधायक हुए उत्तर प्रदेश सरकार में उप मंत्री एवं कैबिनेट मंत्री हुए। बाराबंकी से दो बार सांसद हुए। राज्य मंत्री एवं कैबिनेट मंत्री हुए। वह पांच विभागों के कैबिनेट मंत्री थे। वक्ताओं ने कहा कि उन्होंने अपने जीवन को अत्यंत ही सादगी और ईमानदारी के साथ जिया। उन्होंने व्यक्तिगत संपदा अर्जित करने से अपने आप को काफी दूर रखा। उनकी ईमानदारी और निष्ठा के नाम पर शपथ ली जा सकती है।
उन्होंने जैसी ईमानदारी के साथ अपने जीवन को जिया वह हमेशा समाज के लिए प्रेरणा के स्रोत रहेंगे उन्होंने व्यक्तिगत जीवन में परिश्रम से मुंह नहीं मोड़ा खुद दैनिक रूप से रोज अपनी खेती में परिश्रम करते थे। हजारों लोगों को उन्होंने नौकरी दिलाई, सड़के बनवाई लेकिन जिसकी भी मदद की उससे कोई अपेक्षा नहीं की। वह वास्तव में समाजवादी गांधीवादी सिद्धांतों के पक्के सिपाही थे। आज के समय में ऐसे व्यक्तित्व के बारे में जानकारी दी जानी चाहिए ताकि नौजवान प्रभावित हो सके।
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इस अवसर पर स्वर्गीय रामकिंकर के परिवार की ओर से ₹2,51000 की धनराशि ”रामकिंकर स्मृति न्यास” में देने की घोषणा की गई और कहा गया कि इससे लड़कियों की शिक्षा के लिए कार्य किए जाएंगे। कार्यक्रम के आरंभ में उनके पुत्र अशोक किंकर ने अतिथियों का स्वागत किया। समारोह की अध्यक्षता मास्टर हाजी रुकनुद्दीन ने किया। समारोह में हाजी रुकनुद्दीन ने सर्वप्रथम रामकिंकर के व्यक्तित्व पर प्रकाश डाला। हेमंत नंदन ओझा कार्यक्रम संयोजक में रामकिंकर जी का जीवन परिचय दिया।
इस अवसर पर पूर्व विधायक नागेंद्र सिंह मुन्ना, जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष डॉक्टर लाल जी त्रिपाठी, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के जिला मंत्री रामबरन सिंह, जिला पंचायत सदस्य पूनम इंसान, पुरातत्वविद डॉक्टर पीयूष कांत शर्मा, पूर्व बैंक प्रबंधक बीपी त्रिपाठी डीपी इंसान पूर्व प्रमुख रामप्रकाश सरोज पूर्व प्रमुख शांति सिंह जगदीश प्रसाद मिश्र पूर्व प्राचार्यडॉ वीके सिंह डॉक्टर नीरज त्रिपाठी मजदूर नेता राम सूरत एडवोकेट सलीम उद्दीन खान शहर कमेटी कांग्रेश के अध्यक्ष इरफान अली आई पी तिवारी निर्भय प्रताप सिंह मुख्तार खान आदि ने समारोह को संबोधित किया।
समारोह में रामकिंकर की पुत्री सौम्या किंकर ने अपना ओजस्वी और आकर्षक वक्तव्य दिया। समारोह में यह भी घोषणा की गई कि वर्ष भर अनेक कार्यक्रमों का आयोजन होगा और 2 जनवरी 2023 को जन्मशताब्दी समारोह का समापन भी सराय रजई में भव्य स्वरूप में किया जाएगा। कार्यक्रम में सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण महिलाएं और पुरुष उपस्थित रहे। उपस्थित रहने वालों में प्रमुख रूप से पारसनाथ यादव, आर डी यादव, हर्षवर्धन शुक्ला, संतोष किनकर, संत प्रसाद, जयप्रकाश जगत नारायण, लालता प्रसाद, हरिप्रसाद पारसनाथ, दीपू विजय, सच्चिदानंद, आरके सिंह प्रधान ग्राम सराय रजाई व अन्य सैकड़ों लोग उपस्थित रहे। धन्यवाद ज्ञापन जगदीश प्रसाद मिश्र एवं हेमंत नंदन ओझा ने किया ।
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