बरेली: विज्ञान की चुनौती से जूझेंगे10 वीं तक के छात्र
बरेली, अमृत विचार। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने परीक्षाओं से पहले ही छात्र-छात्राओं की तैयारी जांचने और उन्हें विज्ञान विषय के प्रति जागरूक करने के लिए साइंस चैलेंज प्रतियोगिता आयोजित करने का निर्णय लिया है। इस प्रतियोगिता में 8वीं से 10वीं तक के छात्र प्रतिभाग करेंगे। बोर्ड इस चुनौती को छात्रों में जिज्ञासा, सवाल-जवाब …
बरेली, अमृत विचार। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने परीक्षाओं से पहले ही छात्र-छात्राओं की तैयारी जांचने और उन्हें विज्ञान विषय के प्रति जागरूक करने के लिए साइंस चैलेंज प्रतियोगिता आयोजित करने का निर्णय लिया है। इस प्रतियोगिता में 8वीं से 10वीं तक के छात्र प्रतिभाग करेंगे। बोर्ड इस चुनौती को छात्रों में जिज्ञासा, सवाल-जवाब और उच्च स्तरीय सोच पैदा करने की पहल के रूप में आयोजित कर रहा है। जहां उनके लिए दुनिया को समझने के लिए विज्ञान और प्रौद्योगिकी बेहद महत्वपूर्ण है।
एप पर हिंदी और अंग्रेजी भाषा में उपलब्ध
सीबीएसई के सिटी समन्वयक वीके मिश्रा ने बताया कि सीबीएसई साइंस चैलेंज 17 जनवरी से 28 फरवरी तक दीक्षा प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध है। यह चुनौती हिंदी और अंग्रेजी दोनों में उपलब्ध होगी। इसे बिना किसी भागीदारी शुल्क के सभी बोर्ड के छात्रों द्वारा लिया जा सकता है। इसके लिए सीबीएसई से संबद्ध स्कूलों को अपने छात्रों को बोर्ड की साइट पर पंजीकृत करना आवश्यक है। एक बार पंजीकृत होने के बाद उन्हें पंजीकरण आईडी प्राप्त होगी, जिसका उपयोग छात्रों को मंच पर चुनौती का उपयोग करने में सक्षम होने के लिए करना होगा।
अन्य बोर्ड के स्कूलों के छात्र सीधे इस प्लेटफॉर्म से जुड़ सकते हैं। चुनौती और पाठ्यक्रम को पूरा करने वाले सभी छात्रों को भागीदारी प्रमाण-पत्र प्रदान किया जाएगा। आवेदन करने वाले छात्रों को दीक्षा एप्लीकेशन के नवीनतम संस्करण को डाउनलोड करने या प्रमाण-पत्र प्राप्त करने के लिए दीक्षा वेबसाइट को खोलना जरूरी है। वेबसाइट या एप पर छात्रों के नाम की वर्तनी में कोई गलती न हो, इसकी जिम्मेदारी स्कूलों की है। स्कूल प्रत्येक कक्षा से 5 बच्चों को नामांकित कर सकते हैं, जिन्होंने सीधे विज्ञान चुनौती में भागीदारी प्रमाण-पत्र प्राप्त किया है, वे दूसरे चरण में या यंग साइंस इनोवेटर अवार्ड्स के राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिभागी होंगे।
