बरेली: बजट-कोरोना में अत्यधिक खर्च के बाद भी कोई टैक्स नहीं लगाया
बरेली,अमृत विचार। बजट एक ऐसा आशावादी बजट है, जिसमें कोरोना में अत्यधिक खर्च होते हुए भी सरकार ने कोई टैक्स रेट नहीं बढ़ाया है। दीर्घकालीन पूंजीगत लाभ पर सरचार्ज जो उच्च आय वर्ग पर व्यक्तिगत कर में 37 फीसदी तक देना होता था वह घटाकर 15 फीसदी करने का प्रावधान लाया जा रहा है। यह …
बरेली,अमृत विचार। बजट एक ऐसा आशावादी बजट है, जिसमें कोरोना में अत्यधिक खर्च होते हुए भी सरकार ने कोई टैक्स रेट नहीं बढ़ाया है। दीर्घकालीन पूंजीगत लाभ पर सरचार्ज जो उच्च आय वर्ग पर व्यक्तिगत कर में 37 फीसदी तक देना होता था वह घटाकर 15 फीसदी करने का प्रावधान लाया जा रहा है।
यह बात सेन्ट्रल यूपी चैम्बर आफ कामर्स एंड इंडस्ट्री वेलफेयर एसोसिएशन के वेबिनार में सीए रवीन्द्र अग्रवाल ने कहीं। उन्होंने कहा कि इस दौरान कोई व्यक्ति अपनी संपत्ति बेच रहा है यदि वह 31 मार्च के बाद उसका ट्रांसफर करे तो उसका टैक्स दायित्व कम हो जाएगा। कोविड में होने वाली मृत्यु में मृतक के परिवार को मृत्यु के 12 माह के अंदर ही यदि दस लाख रुपए की सहयोग राशि मिलती है।
तो उस पर कर नहीं लगेगा। मुख्य वक्ता सी कपिल वैश्य ने जीएसटी में हुए बदलाव व जीएसटी आर-1 व आर-3 बी के विषय में भी गहनता से समझाया। इस दौरान सदस्यों के पूछे गए प्रश्नों के उत्तर भी उन्होंने दिए। इससे पूर्व संस्था के अध्यक्ष अभिनव अग्रवाल, सचिव अल्पित अग्रवाल ने बजट को लाभकारी व दूरगामी बजट बताया। मुख्य वक्ताओं का स्वागत मुकेश सिंघल ने किया।
इस मौके पर सुरेश सुन्दरानी, घनश्याम खंडेलवाल, पियूष कुमार, निशांत अग्रवाल, एसके सिंह, डा. निखिल अग्रवाल, अभिषेक कटरू, तुषार अग्रवाल, राज गोयल, राहुल अग्रवाल, क्षितिज अग्रवाल, प्रशांत गोयल, पारितोष खंडेलवाल आदि मौजूद थे।
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