Russia-Ukraine War : धकधक कर रहा एलोना का दिल, गुमसुम हैं बूढ़े पिता, जानें पूरा मामला
मुरादाबाद, अमृत विचार। यूक्रेन-रूस के जंग से यहां भी कई दिल बेचैन हैं। तड़के जब युद्ध की खबर आई तो शहर के मानसरोवर कॉलोनी निवासी डॉ.अभिषेक सिंह के घर में बिजली कौंध गई। मुरादाबाद की बहू का दिल धड़कने लगा। अभिषेक के ससुर की बूढ़ी आंखें गुमसुम हैं। बेटी और बाप परेशान हैं। डॉ.अभिषेक की …
मुरादाबाद, अमृत विचार। यूक्रेन-रूस के जंग से यहां भी कई दिल बेचैन हैं। तड़के जब युद्ध की खबर आई तो शहर के मानसरोवर कॉलोनी निवासी डॉ.अभिषेक सिंह के घर में बिजली कौंध गई। मुरादाबाद की बहू का दिल धड़कने लगा। अभिषेक के ससुर की बूढ़ी आंखें गुमसुम हैं। बेटी और बाप परेशान हैं।
डॉ.अभिषेक की यूक्रेन में डॉक्टरी की पढ़ाई के दौरान एलेक्जेंडर की बेटी एलोना (खार्किव शहर) से दोस्ती हो गई। अभिषेक के पिता गंगाशरण सिंह यूपी पुलिस के सेवानिवृत्त सीओ हैं, जबकि अभिषेक चंदौसी के पार्थ हॉस्पिटल में एमडी के रूप में अपनी सेवा दे रहे हैं। जबकि यूक्रेन-रूस जंग से उनकी पत्नी एलोना पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। 2013 में अभिषेक और एलोना परिणय सूत्र में बंधे। शादी के बाद से दोनों यहां हंसी-खुशी जिंदगी गुजार रहे हैं। शादी में पिता, भाई, मां और रिश्तेदार के कई सदस्य यहां आए थे।
जबकि यूक्रेन के खार्किब शहर में एलोना का भाई रहता है। बीते साल से पिता एलेग्जेंडर (13 जुलाई से) बेटी के पास आए हैं। टेलीविजन स्क्रीन और सोशल मीडिया पर रूस और यूक्रेन की तनातनी की बात जानने के बाद बाप-बेटी की धड़कन बढ़ी हुई है। जबकि खार्किब से सटे हार्किब शहर में रूस ने हमला किया है। जंग की भनक लगते ही एलोना ने भाई से वीडियो कॉल करके वहां का हाल पता किया। तब से बहन और पिता दोनों उदास हैं। दो मासूम बच्चों की मां एलोना यहां दक्ष भारतीय गृहिणी की तौर पर सास-ससुर और पति के साथ रहती हैं।
एलोना ने बताया कि भाई ने फोन पर बताया कि शहर में चारों तरफ धमाके हो रहे हैं। हर जगह गोली की आवाज सुनी जा रही है। कहती हैं कि वहां (यूक्रेन) जो चल रहा है, वह तो चलेगा ही, क्योंकि वहां कोई देश मानने को तैयार नहीं है। वह भाई की जिंदगी को लेकर सिहर उठतीं हैं। बताती हैं कि वहां मेरे मामा और बहुत सारे रिश्तेदार हैं। भैया वहां अकेला है।
बातचीत में एलोना कुछ देर बाद खामोशी ओढ़ लेती हैं फिर कहती हैं कि वैसे यह दौर भी थमेगा। बताती हैं कि 19 मार्च 2020 को मां का निधन हो गया, तब से मन दुखी है। अब भाई की जिंदगी को लेकर डर बना हुआ है। एयरपोर्ट बंद है, इस दौरान कुछ भी नहीं कहा जा सकता है।
