लखनऊ : ग्रामीण इलाकों में जल्द होगी 6521 विद्युत सखियों की तैनाती

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लखनऊ, अमृत विचार। प्रदेश का राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन जल्द ही 6521 विद्युत सखियों की तैनाती करने की तैयारी में है। इनके चयन की प्रक्रिया तीन माह में पूरी हो जायेगी। इन विद्युत सखियों का चयन प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में सक्रिय स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं में से किया जायेगा। दरअसल, प्रदेश के …

लखनऊ, अमृत विचार। प्रदेश का राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन जल्द ही 6521 विद्युत सखियों की तैनाती करने की तैयारी में है। इनके चयन की प्रक्रिया तीन माह में पूरी हो जायेगी। इन विद्युत सखियों का चयन प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में सक्रिय स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं में से किया जायेगा।

दरअसल, प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वालों का कई-कई महीनों का बिजली बिल बकाया रहता था। इससे बिजली विभाग की राजस्व हानि हो रही थी। इस राजस्व हानि को कम करने के लिए पिछली योगी सरकार के समय में शुरू की गयी विद्युत सखियों की तैनाती शुरू की गयी। इन सखियों की तैनाती से विभाग की राजस्व वसूली में लगातार वृद्धि सामने आ रही है। पिछले जून माह में विद्युत सखियों ने बिजली बकाया का 45 करोड़ रुपया वसूला है।

आजीविका मिशन ने प्रदेश में तीन से चार ग्राम पंचायतों के 15521 क्लस्टर बना रखे है। अभी प्रदेश में करीब 9 हजार विद्युत सखियां तैनात हैं। 6521 विद्युत सखियों की तैनाती के बाद इनकी संख्या 15521 हो जायेगी। इससे आजीविका मिशन हर क्लस्टर में एक विद्युत सखी की तैनाती कर सकेगा। इसके बाद मिशन की योजना हर ग्राम पंचायत स्तर पर एक विद्युत सखी की तैनाती करने की है।

विद्युत सखियों को ग्रामीण क्षेत्रों में बकाया बिजली के बिलों की वसूली करनी होती है। इस कार्य के लिये उन्हें प्रत्येक बिल पर करीब 20 रुपये कमीशन मिलता है। आजीविका मिशन के हर क्लस्टर में करीब 300 से 500 के बीच विद्युत उपभोक्ता रहते हैं। इन उपभोक्ताओं से बिजली बिल की वसूली का काम करने से विद्युत सखी को हर माह करीब 6000 से 10,000 रुपये की आमदनी हो जाती है। इससे उन्हें घरेलू काम के साथ ही गांव में ही रह कर अच्छी आमदनी हो जाती है।

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