ब्रिटेन में महंगाई बढ़ने से छात्रों के सामने लिविंग क्राइसिस, नहीं दे पा रहे किराया, सड़क पर सोने को मजबूर
लंदन। ब्रिटेन में महंगाई की दर नौ प्रतिशत बढ़ गई। यहां रहकर पढ़ाई करने वाले दूसरे देशों के छात्रों को सबसे ज्यादा संकट का सामना करना पड़ रहा है। उनके सामने लिविंग क्राइसिस की स्थिति पैदा हो गई है। महंगाई के चलते छात्र किराया नहीं दे पा रहे हैं और जो कुछ छात्र अपने रिश्तेदारों …
लंदन। ब्रिटेन में महंगाई की दर नौ प्रतिशत बढ़ गई। यहां रहकर पढ़ाई करने वाले दूसरे देशों के छात्रों को सबसे ज्यादा संकट का सामना करना पड़ रहा है। उनके सामने लिविंग क्राइसिस की स्थिति पैदा हो गई है। महंगाई के चलते छात्र किराया नहीं दे पा रहे हैं और जो कुछ छात्र अपने रिश्तेदारों के घर रहकर पढ़ाई कर रहे थे उन्हें भी बाहर का रास्ता दिखा दिया गया है। ऐसे में कुछ छात्र सड़क पर सोने को मजबूर हैं।
आपको बता दें कि ब्रिटेन में करीब 12 फीसदी छात्र ऐसे हैं जिनके पास कोई छत नहीं है। इतना ही नहीं 5.30 फीसदी ड्रॉप आउट और हाल ही में पास आउट छात्रों को भी इस समस्या का सामना करना पड़ रहा है। इसका खुलासा हायर एजुकेशन पॉलिसी इंस्टीट्यूट में प्रकाशित एक सर्वे में हुआ है। ऐसे में छात्रों के सिर पर छत का न होना वहां पढ़नेवाले विदेशी छात्रों की चिंताएं बढ़ रही हैं। क्योंकि सबसे ज्यादा दिक्कतों का सामना इन्हीं छात्रों को करना पड़ रहा है। सर्वे की रिपोर्ट के मुताबिक छात्रों के लिए रहने के साथ-साथ भोजन और बिजली के बढ़े हुए दाम भी परेशानी का सबब बने हुए हैं।
यूनिवर्सिटी नहीं कर रही मदद
कई यूनिवर्सिटी के छात्रों को यह परेशानी है, लेकिन यूनिवर्सिटी की तरफ से कोई उचित व्यवस्था इन छात्रों के लिए नहीं की जा रही हैं। लिहाजा छात्रों को पढ़ाई के अलावा अपना अतिरिक्त खर्च के लिए ज्यादा तनाव का सामना करना पड़ रहा हैं। लंदन मेट्रोपोलिटन यूनिवर्सिटी के प्रो. पेट्रिक मुलरेनन का कहना है कि सरकार को इन संघर्षरत छात्रों की अतिरिक्त सहायता पर विचार करना चाहिए।
ये भी पढ़ें : America Polio Case : एक दशक बाद न्यूयॉर्क में मिला पोलियो का नया केस, स्वास्थ्य विभाग ने किया अलर्ट
