संभल: लिंक एक्सप्रेस से कटकर तीन गोवंशीय पशुओं की मौत, दो घंटे रुकी रही ट्रेन
संभल/बहजोई, अमृत विचार। थाना क्षेत्र में लिंक एक्सप्रेस ट्रेन की चपेट में आकर तीन गोवंशीय पशुओं की मौत हो गई। ट्रेन के नीचे फंसने से पशुओं के शव काफी दूर तक घिसटते चले गए। पहिये जाम होने से ट्रेन रुक गई। लोकोपायलट ने कंट्रोल को सूचना देकर रेलवे ट्रैक के पास खेतों की रखवाली कर …
संभल/बहजोई, अमृत विचार। थाना क्षेत्र में लिंक एक्सप्रेस ट्रेन की चपेट में आकर तीन गोवंशीय पशुओं की मौत हो गई। ट्रेन के नीचे फंसने से पशुओं के शव काफी दूर तक घिसटते चले गए। पहिये जाम होने से ट्रेन रुक गई। लोकोपायलट ने कंट्रोल को सूचना देकर रेलवे ट्रैक के पास खेतों की रखवाली कर रहे किसानों की मदद से पशुओं के अवशेष को हटवाया। इससे दो घंटे बाद ट्रेन आगे बढ़ सकी। सूचना के बाद सवेरे मौके पर पहुंचे अधिकारियों ने पशुओं के शव को मिट्टी में दबवा दिया।
गांव लहरा वन में गोशाला बंद होने के कारण पशु घूमते हुए रेलवे ट्रैक पर पहुंच गए। और ट्रैक पर बैठ गये। इस बीच मंगलवार रात नौ बजे चंदौसी की ओर सेअलीगढ़ जाने वाली लिंक एक्सप्रेस आ रही थी जिसके कारण ट्रैक पर बैठे तीन गोवंशीय पशु कट गए। बहजोई कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक पंकज लवानिया ने बताया कि सुबह लहरावन गांव के लोगों ने घटना की सूचना दी। बहजोई क्षेत्राधिकारी डॉ. प्रदीप, बहजोई पशु चिकित्सक व नायब तहसीलदार निश्चय कुमार मौके पर पहुंचे। उन्होंने पशुओं के शव का पोस्टमार्टम करा कर मिट्टी में दबवा दिया।
चारा नहीं मिलने से गोशाला से बाहर निकाले पशु
बहजोई। लहरावन के ग्रामीण संतोष यादव ने बताया कि 20 दिन में अब तक 15 से 20 गोवंश पशुओं की रेल की चपेट में आकर मौत हो चुकी है। जिसके कारण रेलवे ट्रैक से 40 मीटर की दूरी पर गोशाला बनी है। जिसमें सरकार की तरफ से पशुओं के चारे के लिए धनराशि आनी बंद हो गई है। जिसके चलते ग्राम प्रधान अजीत दिवाकर ने पशुओं को निकाल कर गोशाला में ताला डाल दिया है। जिससे लावारिस घूमते रहते है।
