दुर्गेश हत्याकांड: पुलिस कार्यशैली से नाराज बरौनिया गांव के लोगों ने किया हाईवे जाम, प्रशासन के फूले हाथ-पांव
शाहाबाद/हरदोई। अपराधों पर अंकुश लगाने की शेखी बघारने वाली एवं घटनाओं को तोड़ मरोड़ कर पेश करने वाली शाहाबाद कोतवाली पुलिस की कार्यशैली से नाराज होकर लोग सड़क पर उतर आए। बरौनिया के दुर्गेश हत्याकांड में आरोपियों को खुली छूट देने से नाराज लोगों ने शव रखकर हाईवे जाम कर दिया। हाईवे जाम होने की …
शाहाबाद/हरदोई। अपराधों पर अंकुश लगाने की शेखी बघारने वाली एवं घटनाओं को तोड़ मरोड़ कर पेश करने वाली शाहाबाद कोतवाली पुलिस की कार्यशैली से नाराज होकर लोग सड़क पर उतर आए। बरौनिया के दुर्गेश हत्याकांड में आरोपियों को खुली छूट देने से नाराज लोगों ने शव रखकर हाईवे जाम कर दिया। हाईवे जाम होने की सूचना पाकर प्रशासन के हाथ पांव फूल गए आनन-फानन में प्रभारी निरीक्षक एसके मिश्र फोर्स बल के साथ मौके पर पहुंचे हैं। एसडीएम धीरेंद्र कुमार श्रीवास्तव एवं क्षेत्राधिकारी हेमंत उपाध्याय भी घटनास्थल पर पहुंच गए हैं।
पीड़ित परिवार को मनाने का प्रयास किया जा रहा है। आपको बताते चलें कल बरौनीया गांव में ग्राम प्रधान ने 20 वर्षीय दुर्गेश पुत्र पूसे लाल को इस बात पर पीटकर लहूलुहान कर दिया था उसने प्रधान की जेब में पुड़िया खाने के लिए हाथ डाल दिया था। प्रधान और उसके साथियों ने दुर्गेश को लात घूसों एवं डंडों से इतना पीटा कि वह बुरी तरह से लहूलुहान हो गया। दबंग प्रधान अपनी दबंगई का प्रदर्शन करते हुए सबके सामने अपनी गाड़ी में लादकर दुर्गेश को एक तालाब के किनारे फेंक आया।

उसके कुछ देर बाद दुर्गेश आम के पेड़ से लटका हुआ पाया गया। शव देखकर परिजनों में कोहराम मच गया। प्रधान और उसके साथियों के खिलाफ शाहाबाद कोतवाली में मृतक के पिता पूसेलाल ने तहरीर दी परंतु पुलिस इसे प्रथम दृष्टया आत्महत्या मानकर अपनी मक्कारी का प्रदर्शन करती रही। परिणाम यह हुआ पोस्टमार्टम से शव आने के बाद परिजनों के सब्र का प्याला छलक गया।
पुलिस के प्रति आक्रोशित ग्रामीणों ने सामूहिक रूप से हरदोई शाहजहांपुर हाईवे पर शव रखकर जाम लगा दिया। जाम की खबर पाकर पुलिस प्रशासन के हाथ पांव फूल गए। आनन-फानन में प्रभारी निरीक्षक फोर्स बल के साथ मौके पर पहुंचे और उत्तेजित ग्रामीणों को मनाने का काफी प्रयास किया परंतु सफल नहीं हो सके। तत्पश्चात क्षेत्राधिकारी हेमंत उपाध्याय और एसडीएम धीरेंद्र श्रीवास्तव भी घटनास्थल पर पहुंच गए।
क्षेत्राधिकारी हेमंत उपाध्याय और एसडीएम धीरेंद्र श्रीवास्तव ने उत्तेजित ग्रामीणों को काफी समझाने बुझाने का प्रयास किया। क्षेत्राधिकारी हेमंत उपाध्याय के इस आश्वासन के बाद 24 घंटे के अंदर आरोपियों की गिरफ्तारी कर ली जाएगी। इस आश्वासन के बाद ही ग्रामीणों ने जाम खोला। इस दौरान वाहनों की लंबी-लंबी कतारें लग गई।
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