कौशल विकास मिशन के लक्ष्य को पूरा करने की तैयारी में योगी सरकार, निदेशक ने लापरवाह प्रशिक्षकों को लगाई फटकार
लखनऊ। यूपीं में कौशल विकास मिशन के तहत आउट आफ ड्राप युवाओं को प्रशिक्षण देकर योगी सरकार रोजगार की मुख्य धारा में लाना चाहती है। इसी क्रम में कौशल विकास मिशन के तहत कई तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाये जा रहे हैं। लेकिन कई जिलों में अभी युवाओं को प्रशिक्षित करने का लक्ष्य है उसे …
लखनऊ। यूपीं में कौशल विकास मिशन के तहत आउट आफ ड्राप युवाओं को प्रशिक्षण देकर योगी सरकार रोजगार की मुख्य धारा में लाना चाहती है। इसी क्रम में कौशल विकास मिशन के तहत कई तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाये जा रहे हैं। लेकिन कई जिलों में अभी युवाओं को प्रशिक्षित करने का लक्ष्य है उसे नहीं पूरा किया जा सका है। इस संबंध में शनिवार को अलीगंज स्थित कौशल विकास मिशन के लक्ष्य को पूरा करने की तैयारियों को लेकर अमृत विचार से बातचीत करते हुए निदेशक आंद्रा वामसी ने बताया कि कौशल विकास मिशन के माध्यम से 2019 में 8 लाख 98 हजार 793 युवाओं को विभिन्न रोजगारपरक ट्रेडस में प्रशिक्षण प्रदान किया गया जबकि पिछली सरकार के कार्यकाल में प्रशिक्षित युवाओं की संख्या मात्र 3 लाख 71 हजार 380 थी। वर्तमान सरकार द्वारा 4 लाख 21 हजार 358 युवाओं को कौशल प्रशिक्षण योजनाओं के अन्तर्गत प्रशिक्षित कर रोजगार उपलब्ध कराया गया है जबकि पिछली सरकार द्वारा मात्र 1 लाख 36 हजार 360 युवाओं को ही रोजगार दिलाया गया था। उन्होंने बताया कि मौजूदा समय में कई जिले ऐसे हैं जहां निर्धारित टारगेट को पूरा करने में प्रशिक्षकों की ओर से लापरवाही बरती गई है इसके उन्हें हटाने का निर्णय लिया गया है।
अधिकांश विश्वविद्यालयों से होंगे एमओयू
कौशल विकास मिशन के निदेशक आंद्रा वामसी ने बातचीत में बताया कि कौशल विकास मिशन का लक्ष्य है कि आउट आफ ड्रॉप युवाओं को रोजगार से जोड़ा जाये, इसके लिए विश्वविद्यालयों को भी प्रशिक्षण के लिए बजट दिया जायेगा। साथ ही डॉ एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय, मदन मोहन मालवीय संस्थान, लखनऊ विश्वविद्यालय, शंकुतला मिश्रा राष्ट्रीय पुनर्वास सहित अधिकांश विश्वविद्यालय से एमओयू किया जायेगा।
अभी बीबीएयू लखनऊ को बनाया गया प्रशिक्षण केन्द्र
कौशल विकास मिशन के तहत लखनऊ के बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर केन्द्रीय विश्वविद्यालय (बीबीएयू) को प्रशिक्षण केन्द्र बनाया गया है। यहां से युवाओं रोजगार के लिए प्रशिक्षण दिया जायेगा। इसके साथ ही उन युवाओं को भी प्रशिक्षण प्रदान किया जायेगा जो आउट आफ ड्राप की श्रेणी में हैं। इसके लिए उन्होंने एक माह से लेकर तीन माह का प्रशिक्षण प्रदान किया जायेगा।
कोट—-
मार्केट में मांग के अनुसार युवाओं में कौशल का विकास करने का लक्ष्य तय किया गया है, समय-समय पर प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए ट्रेनरों का टारगेट निर्धारित किया गया है, जिस जिले में लापरवाही हो रही है वहां कार्रवाई हो रही है, ट्रेनिंग के नाम पर मिलने वाला बजट भी रिकवर कराया गया है।
आंद्रा वामसी निदेशक कौशल विकास मिशन
