पीलीभीत: मानक विहीन बन रहे संपर्क मार्ग के विरुद्ध ग्रामीणों का हंगामा, काम रोका
पीलीभीत/गजरौला, अमृत विचार। प्रदेश सरकार ने तय सीमा के भीतर सडकों की मरम्मत करने और गड्ढा भरने के आदेश जारी किए हैं। इसके लिए भारी भरकम बजट को भी जारी किया गया है। इसके बाद भी ठेकेदार इसमें मनमानी करने में जुटे हुए हैं। मरम्मत के नाम पर खानापूर्ति को लेकर जब ग्रामीणों को जानकारी …
पीलीभीत/गजरौला, अमृत विचार। प्रदेश सरकार ने तय सीमा के भीतर सडकों की मरम्मत करने और गड्ढा भरने के आदेश जारी किए हैं। इसके लिए भारी भरकम बजट को भी जारी किया गया है। इसके बाद भी ठेकेदार इसमें मनमानी करने में जुटे हुए हैं। मरम्मत के नाम पर खानापूर्ति को लेकर जब ग्रामीणों को जानकारी हुई तो सभी उग्र हो गए। ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए काम को रुकवा दिया। ग्रामीणों का आरोप है कि जब तक मानक के अनुसार काम नहीं किया जाएगा तब तक विरोध जारी रहेगा।
यह भी पढ़ें- पीलीभीत: सांड ने ली एक और किसान की जान, मचा कोहराम
मरौरी ब्लॉक के गांव सिरसा सरदाह महुआ संपर्क मार्ग को 2005 में प्रधानमंत्री सड़क योजना के तहत बनाया गया था। सड़क जर्जर होने से आवागमन में ग्रामीणों को खासी दिक्कतें होने लगी। जिसको देखते हुए सांसद प्रतिनिधि बबलू वर्मा ने फोन पर सांसद वरुण गांधी से सड़क को ठीक कराने की मांग की थी। सांसद के कहने पर पीडब्ल्यूडी विभाग से मरम्मत का कार्य शुरू करा दिया।
काम शुरू होने के बाद ठेकेदार ने जारी बजट में मनमाने ढंग से काम कराना शुरू कर दिया। ग्रामीणों ने जब देखा तो इसकी शिकायत भी लेकिन कोई ध्यान नहीं दिया गया। इससे ग्रामीणों ने ठेकेदार पर घटिया निर्माण कराने का आरोप लगाते हुए विरोध प्रदर्शन करना शुरू कर दिया। ग्रामीणों ने प्रदर्शन करते हुए काम को जहां का तहां रुकवा दिया।
ग्रामीणों का कहना है कि 1490 मीटर सड़क मरम्मत का बजट पास हुआ था। सड़क के घटिया निर्माण पर ग्रामीणों ने सवाल उठाते कहा कि इससे तो समस्या जस की तस ही बनी रहेगी। ग्रामीणों का कहना है कि जब तक काम ठीक प्रकार से नहीं होगा विरोध जारी रहेगा। इस दौरान गुरसेवक सिंह, रंजीत सिंह, अजय कुमार, हरिराम, रवि कुमार, रूपकिशोर, नेतराम राजपूत, धर्मेंद्र कुमार, यशपाल, पूरन सिंह सहित काफी लोग मौजूद रहे।
सिरसा सरदाह महुआ मार्ग घटिया निर्माण होने की जानकारी नहीं है। यदि ऐसा किया जा रहा है तो इसकी जेई को मौके पर भेजकर जांच कराई जाएगी। जांच में मामला सही पाए जाने पर संबंधित ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई करवाई जाएगी— उदय नारयण, एक्सईएन, लोक निर्माण विभाग।
यह भी पढ़ें- पीलीभीत: बर्खास्त होने पर लिपिक ने पुलिस लाइन में की आत्महत्या, सुसाइड नोट बरामद
