मां बनाम बेटा : पिता की जगह मिली नौकरी तो भूल गया ममता का आंचल
अमृत विचार, अयोध्या। मृतक आश्रित कोटे से नौकरी पाने के बाद परिवार के अन्य सदस्यों का भरण-पोषण का खर्चा न उठाने वाले बेटे के खिलाफ मां ने मोर्चा खोला है। अब मां ने अपने ही बेटे की नौकरी की सेवा समाप्त किए जाने की मांग को लेकर लोक निर्माण विभाग में आमरण अनशन शुरू कर …
अमृत विचार, अयोध्या। मृतक आश्रित कोटे से नौकरी पाने के बाद परिवार के अन्य सदस्यों का भरण-पोषण का खर्चा न उठाने वाले बेटे के खिलाफ मां ने मोर्चा खोला है। अब मां ने अपने ही बेटे की नौकरी की सेवा समाप्त किए जाने की मांग को लेकर लोक निर्माण विभाग में आमरण अनशन शुरू कर दिया है।
जिले के हैदरगंज थाना क्षेत्र के ग्राम मनऊपुर की रहने वाली तिरथा देवी ने लोक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता को दिए गए प्रार्थना पत्र में कहा है कि उसके पति अखंड प्रताप सिंह लोक निर्माण विभाग में बेलदार पद पर कार्यरत थे, जिनकी 19 मार्च 2021 को मृत्यु हो गई।
उसका आरोप है कि पति की मृत्यु के बाद मृतक आश्रित कोटे से उसके बेटे संजीव कुमार सिंह को विभाग में कनिष्ठ सहायक के पद पर नौकरी मिली। नौकरी से पहले बेटे ने उसका व परिवार के अन्य सदस्यों के भरण पोषण के लिए शपथ पत्र दिया था, लेकिन अब वह मुकर रहा है।
पीड़ित महिला का आरोप है कि इससे पहले उसने विभागीय अधिकारियों को बेटे की नौकरी से सेवा समाप्ति के लिए प्रार्थना पत्र दिया था, लेकिन आज तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। नौकरी की सेवा समाप्ति की मांग को लेकर पीड़ित महिला ने अब लोक निर्माण विभाग के कार्यालय पर आमरण अनशन शुरू कर दिया है। पीड़िता का कहना है कि विभाग में कोई सुनवाई नहीं हो रही है।
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