सर, प्लीज बचाइए हम लोगों की रैगिंग हो रही है… GSVM Medical College की एंटी रैगिंग हेल्पलाइन में आई शिकायत
कानपुर के जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज की एंटी रैगिंग हेल्पलाइन में शिकायत आई है।
कानपुर के जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज की एंटी रैगिंग हेल्पलाइन में शिकायत आई है। कॉलेज प्रशासन की ओर से जांच कमेटी बिठा दी गई है।
कानपुर, अमृत विचार। सर प्लीज हम लोगों को बचाइए। हमारी रैगिंग की जा रही है। सुबह और शाम के समय सीनियर परेशान कर रहे हैं। हम लोगों की पढ़ाई मुश्किल हो रही है। सीनियरों की वजह से छात्रावास में भयभीय हैं।
यह शिकायत जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज की एंटी रैगिंग हेल्पलाइन में आई है। कॉलेज प्रशासन की ओर से जांच कमेटी बिठा दी गई है। यह तीन दिन के अंदर अपनी रिपोर्ट देगी, जिसके आधार पर दोषी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
प्राचार्य प्रो. संजय काला के मुताबिक यह पिछले वर्ष दी गई शिकायत की बिल्कुल कॉपी पेस्ट है। मामले का पता लगाने की कोशिश की जा रही है। इसमें कॉलेज का नाम बदनाम करने की साजिश रची जा रही है। एक फैकल्टी का नाम सामने आ रहा है। उनके खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है।
जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज में कुछ दिन जूनियर छात्रों की रैगिंग का वीडियो जारी होने के बाद विभागाध्यक्षों और वार्डन सतर्क कर दिया गया। सीनियर छात्रों और फैकल्टी को जिम्मेदारी सौंपी गई थी। सुबह से लेकर देर रात तक छात्रावासों की निगरानी की जा रही है।
कैंपस के अंदर सुरक्षाकर्मियों को भी अलर्ट कर दिया गया। इसके बावजूद रैगिंग होने की शिकायत कम नहीं हो रही है। मंगलवार को एंटी रैगिंग हेल्पलाइन में छात्र ने रैगिंग होने की शिकायत की। मामले का प्रता चलने पर एंटी रैगिंग कमेटी की बैठक बुलाई गई। एमबीबीएस छात्रों की सुरक्षा के लिए गार्ड तैनात कर दिए गए।
डॉ. आनंद नारायण को भेजा आजमगढ़
मेडिकल कॉलेज में एचवनएनवन इंफ्लुएंजा वायरस के संक्रमण फैलने और छात्रा पाखी की मौत के मामले में कैंपस प्रभारी प्रो. आनंद नारायण सिंह के खिलाफ कार्रवाई हो गई। उन्हें आजमगढ़ मेडिकल कॉलेज भेज दिया गया है। यह निर्देश शासन की ओर से जारी हुआ है। उनके खिलाफ जांच के आदेश भी दिए गए हैं। इससे पहले उन्हें मेडिकल कॉलेज के कैंपस प्रभारी से हटा दिया गया था।
