बरेली: 43 दिन में 55 अल्ट्रासाउंड सेंटरों की जांच, नौ सील
बरेली, अमृत विचार। मुख्यमंत्री के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग की टीम अल्ट्रासाउंड सेंटर्स की जांच कर सख्ती कर रही है। टीमों ने जनवरी से अब तक 43 दिनों में 55 अल्ट्रासाउंड सेंटरों का निरीक्षण किया। जिनमें डॉक्टर न होने, खामियां पाए जाने और भ्रूण लिंग की जांच कराने के आरोप में चार के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई और नौ अल्ट्रासाउंड सेंटर सील किए चुके हैं। अल्ट्रासाउंड सेंटरों पर अब तक की कार्रवाई की सीएमओ डॉ. बलवीर सिंह ने नोडल अफसर डॉ. हरपाल सिंह व अन्य अधिकारियों के साथ समीक्षा की। उन्होंने सभी अल्ट्रासाउंड सेंटर का निरीक्षण कर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही भ्रूण लिंग की जांच कराने वालों के खिलाफ भी तत्काल एफआईआर कराने के आदेश दिए हैं।
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सीएमओ डॉ. बलवीर सिंह ने बताया कि पीएनडीटी एक्ट 1994 के तहत अल्ट्रासाउंड सेंटर में भ्रूण लिंग की जांच कराना कानूनी अपराध है। ऐसा पाए जाने पर संबंधित के खिलाफ कार्रवाई का प्रावधान है। बरेली में 240 अल्ट्रासाउंड सेंटर हैं। इसमें 75 अल्ट्रासाउंड सेंटर देहात क्षेत्र और 166 अल्ट्रासाउंड सेंटर शहरी क्षेत्र में है। उन्होंने बताया कि जनवरी में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने 23 केंद्रों की जांच की है, जबकि फरवरी में अब तक 32 अल्ट्रासाउंड सेंटरों की जांच की जा चुकी है। वहीं सीएमओ ने सोमवार से अल्ट्रासाउंड सेंटर की जांच में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं।
अब तक इन अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर हुई कार्रवाई
स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने बरेली में अब तक 55 अल्ट्रासाउंड सेंटर की जांच की है। इसमें भ्रूण लिंग की जांच कराने के आरोप में कोपल हॉस्पिटल, डॉक्टर उपस्थित न होने पर कृष्णा अल्ट्रासाउंड सेंटर, रेनू अल्ट्रासाउंड सेंटर फरीदपुर, वरदान अल्ट्रासाउंड सेंटर भुता के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है। इसके अतिरिक्त लाइफ केयर डायग्नोस्टिक सेंटर बहेड़ी, रीजनल हॉस्पिटल, ग्लोबल अल्ट्रासाउंड सेंटर बहेड़ी, कैंपर हेल्थ केयर सेंटर बरेली, अल्फा डायग्नोस्टिक सेंटर बरेली, राधिका आईवीएफ एंड चाइल्ड केयर सेंटर बरेली, पल्लवी अल्ट्रासाउंड सेंटर, रिगार्ड अल्ट्रासाउंड सेंटर देवचरा, जनता अल्ट्रासाउंड सेंटर फतेहगंज पश्चिमी बंद होने और डॉक्टर न होने के आरोप में सील किए गए हैं।
