बरेली में 93 रन बनाकर मैन ऑफ द मैच बने थे धोनी
बरेली,अमृत विचार। क्रिकेट जगत में अपने बेमिसाल प्रदर्शन और शांत स्वभाव से प्रशंसकों के दिलों पर छाए रहने वाले महेंद्र सिंह धोनी 15 साल पहले बरेली के स्पोर्ट्स स्टेडियम में खेलने आए थे। प्रशांत मैमोरियल क्रिकेट प्रतियोगिता में धोनी दिल्ली की यूके क्रिकेट वर्ल्ड टीम से खेले। उन्होंने उत्तर प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन (यूपीसीए) के खिलाफ …
बरेली,अमृत विचार। क्रिकेट जगत में अपने बेमिसाल प्रदर्शन और शांत स्वभाव से प्रशंसकों के दिलों पर छाए रहने वाले महेंद्र सिंह धोनी 15 साल पहले बरेली के स्पोर्ट्स स्टेडियम में खेलने आए थे। प्रशांत मैमोरियल क्रिकेट प्रतियोगिता में धोनी दिल्ली की यूके क्रिकेट वर्ल्ड टीम से खेले। उन्होंने उत्तर प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन (यूपीसीए) के खिलाफ 93 रन की धुआंधार पारी खेलकर जीत दिलाई थी, जिसमें वह मैन ऑफ द मैच भी चुने गए थे और 5000 रुपये का नगद पुरस्कार मिला था।
20 फरवरी वर्ष 2005 का यह मैच हुआ था। तब धोनी भारतीय टीम में चुने जा चुके थे और बांग्लादेश के विरुद्ध एक मैच खेल चुके थे। प्रतियोगिता के आयोजन सचिव व क्रिकेट कोच ओपी कोहली बताते हैं कि धोनी ने एक शानदार छक्का लगाया था, जो फुटबाल हॉस्टल की छत पर गिरा था।
बरेली इलेविन की ओर से उस प्रतियोगिता में खेलने वाले क्रिकेटर माजिद हसन खां बताते हैं कि प्रतियोगिता से पहले तक लोग धोनी के बारे में अधिक नहीं जानते थे। तब अजय जडेजा को लेकर लोगों के बीच क्रेज था। वह बड़ा चेहरा थे। मगर मैदान पर धोनी का खेल देखने के बाद लोग उनके अंदाज के कायल हो गए थे। अब जब महेंद्र सिंह धोनी ने क्रिकेट से संन्यास लेने की घोषणा की है तो यहां खिलाड़ियों और उनके प्रशंसकों में इससे निराशा है। उनको बरेली में धोनी का खेलना याद आ गया।

बेटे की याद में कराया था आयोजन
प्रशांत यादव तत्कालीन इंस्पेक्टर वीरेंद्र यादव के 12 वर्षीय बेटे थे, जिन्हें ब्लड कैंसर था। वह स्टेडियम आते थे और बाद में क्रिकेट खेलने लगे। हालांकि कुछ दिन बाद ही उनकी मौत हो गई थी। बेटे की याद में वीरेंद्र सिंह ने यह आयोजन कराया था। इसमें सुरेश रैना, आकाश चोपड़ा, कमलकांत बेनीवाल जैसे तब के बड़े खिलाड़ियों ने भाग लिया था।
सीताकिरन की छत से उड़ाई पतंग
महेंद्र सिंह धोनी 19 फरवरी को बरेली पहुंचे थे। वह होटल सीताकिरन में ठहरे। इसकी छत से उन्होंने पतंग भी उड़ाई थी। मैच खेलने के बाद वह दिल्ली के लिए रवाना हो गए थे, क्योंकि उन्हें रणजी ट्रॉफी खेलने थी।
