Kanpur Fire: चार मंजिला मकान के ग्राउंड फ्लोर पर कपड़ा दुकान में लगी आग, चार लोग फंसे, फायर कर्मियों ने ऐसे निकाला
कानपुर के नौघड़ा बाजार के चार मंजिला मकान के ग्राउंड फ्लोर में लगी आग।
कानपुर के बादशाहीनाका थानाक्षेत्र के नौघड़ा बाजार के चार मंजिला मकान के ग्राउंड फ्लोर पर स्थित कपड़ा बाजार में आग लग गई। आग लगने से फायर कर्मियों ने मकान में फंसे चार लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला।
कानपुर, अमृत विचार। नौघड़ा कपड़ा बाजार की चार मंजिला मकान के ग्राउंड फ्लोर में साड़ी सेंटर में आग लग गई। आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। सूचना पाकर लाटूश रोड, कर्नलगंज, मीरपुर, फजलगंज, किदवई नगर व पनकी की फायर ब्रिगेड की गाड़ियों ने एक घंटे की कड़ी मशक्कत कर आग पर काबू पाया। फायर कर्मियों ने बगल के मकान से सीढ़ी लगाकर चार फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला। आग में एक फायर कर्मी भी झुलस गया।
बादशाहीनाका थानाक्षेत्र के मालिन वाली गली नौघड़ा कपड़ा बाजार में चार मंजिला मकान है। जिसमें चौथी मंजिल में दीपक जैन, पत्नी अंजू जैन, बेटा कार्तिक, तीसरी मंजिल में जगत गुप्ता, पत्नी पूनम उनके भाई उमेश और पत्नी नंदनी, दूसरी मंजिल में गौरव मिश्रा पशुपति ट्रेड नाम से कपड़े के गोदाम है। जबकि ग्राउंड फ्लोर पर गुलशन अरोड़ा की सागर वस्त्रालय नाम से कपड़े की दुकान है।
सोमवार दोपहर ग्राउंड फ्लोर पर स्थित सागर वस्त्रालय में शार्ट सर्किट से आग लग गई। आग की लपटें उठती देख वहां हड़कंप मच गया। आनन-फानन में मकान में रहने वाले लोग बाहर निकल आए। कानपुर कपड़ा कमेटी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष रुमित सागरी ने आग लगने की फायर ब्रिगेड को सूचना दी।
सूचना पाकर लाटूश रोड, कर्नलगंज, मीरपुर, फजलगंज, किदवई नगर व पनकी की फायर ब्रिगेड की गाड़ियों ने एक घंटे की कड़ी मशक्कत कर आग पर काबू पाया। फायर कर्मियों ने बगल में रहने वाले लक्ष्मण मिश्रा के मकान से सीढ़ी लगाकर अंजू, पूनम, कार्तिक व नंदनी को सुरक्षित बाहर निकाला। आग में एक फायर कर्मी राहुल कुमार भी झुलस गया। आग से लाखों का नुकसान बताया जा रहा है।
संकरी गली के चलते फायर बिग्रेड को दिक्कत
संकरी गली होने के चलते फायर ब्रिगेड के जवानों को आग बुझाने के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ रही है। इसके साथ ही आग अगल-बगल की दुकानों तक नहीं पहुंचे। इसे रोकने के लिए मशक्कत करनी पड़ी। वहीं, आसपास की दुकानों को भी खाली कराया जा रहा है।
अगर फटते सिलेंडर तो होता बड़ा हादसा
चार मंजिला मकान में करीब पांच भरे सिलडेंर रखे थे। माना जा रहा है कि अगर एक भी सिलेंडर फट जाता तो बड़ा हादसा हो सकता था।
