Hamirpur : सोशल मीडिया में नाबालिग की शादी होने की सूचना, बाल संरक्षण इकाई व चाइल्ड लाइन की टीम ने ऐसे रुकवाई
हमीरपुर में सोशल मीडिया में नाबालिक शादी होने की सूचना सच निकली।
हमीरपुर में सोशल मीडिया में नाबालिक शादी होने की सूचना सच निकली। बाल संरक्षण इकाई व चाइल्ड लाइन की टीम ने परिजनों को समझाकर शादी रुकवाई।
हमीरपुर, अमृत विचार। कोतवाली क्षेत्र के एक गांव में किशोरी का विवाह तय होने की बात सोशल मीडिया में प्रसारित करने के साथ उसके शादी के कार्ड डाले गए। इसी का संज्ञान में लेते बाल संरक्षण इकाई एवं चाइल्ड लाइन की टीम सक्रिय हो गई। टीम ने किशोरी के पिता सहित परिजनों को कोतवाली बुलाकर नियम-कानून समझयास जिसके बाद विवाह टल गया।
क्षेत्र के एक गांव निवासी ग्रामीण अपनी 14 वर्षीय बेटी की शादी 26 जून को करने की तैयारी में जुटा था। परंतु बेटी की उम्र शादी लायक नहीं होने पर यह गांव में चर्चा का विषय था। इसको लेकर कुछ लोगों ने पहल की। बेटी के शादी के कार्ड शोसल मीडिया में वायरल कर दिए। इससे मामला प्रशासन तक पहुंच गया। जिस पर बाल संरक्षण इकाई के गोपालकृष्ण मिश्रा, चाइल्ड लाइन से प्रतीक्षा सिंह व अनुभव शुक्ला, बाल संरक्षण अधिकारी दीप्ति अग्निहोत्री, वन स्टॉप सेंटर की मोनिका व काउंसलर रंजना की टीम कोतवाली मौदहा पहुंची।
जिसके बाद नाबालिग लड़की के परिजनों को पुलिस के जरिए कोतवाली बुलाकर काउंसिलिंग की गई। तब कहीं जाकर लड़की के पिता ने टीम को आश्वस्त किया कि वह 26 जून को होने वाली शादी टाल देगा। बताते चचें कि लड़की के पिता ने शादी के लिए एक बीघा खेत भी बेच दिया था, विवाह की तैयारियां पूरी करने के साथ नाते रिश्तेदारों में निमंत्रण कार्ड भी भेज चुका था।
