Kanpur News : मणिपुर वीडियो वायरल के विरोध में उबला शहर, सुप्रीमकोर्ट में संयुक्त हस्ताक्षरित याचिका दायर की तैयारी
मणिपुर वीडियो वायरल होने के विरोध में कानपुर उबला।
मणिपुर वीडियो वायरल होने के विरोध में कानपुर उबला। । माकपा पोलित ब्यूरो सदस्य कानपुर से पूर्व सांसद सुभाषिनी अली सहगल ने सरकार की बर्खास्तगी की मांग की।
कानपुर, अमृत विचार। मणिपुर में महिलाओं को नग्न करके घुमाने की घटना पर महिलाओं ने तीखी प्रतक्रिया दी है। इस वीडियो के बाद महिला उत्पीड़न का एक और वीडियो आया है जिसमें महिला की पिटाई की जा रही है। माकपा पोलित ब्यूरो सदस्य कानपुर से पूर्व सांसद सुभाषिनी अली सहगल ने सरकार की बर्खास्तगी की मांग की। महिला मंच की संयोजक नीलम चतुर्वेदी ने बताया कि हस्ताक्षर अभियान चलाया जा रहा है। जिलाधिकारी को देने को निर्णय लिया है।
कानपुर की पूर्व सांसद सुभाषिनी अली सहगल ने कहा है कि मणिपुर इस घटना से स्पष्ट है कि डबल इंजन की सरकार बेपटरी हो चुकी है। मणिपुर के मुख्यमंत्री को बर्खास्त करके दोषियों को सख्त से सख्त सजा दी जाए। सुभाषिनी कहती हैं कि मणिपुर की जिस घटना ने पूरे देश को हिला दिया वह चार मई की है। घटना पुलिस कर्मियों की उपस्थिति में घटी। कुछ दिन के बाद एफआईआर भी दर्ज हुई लेकिन राज्य सरकार ने कुछ नहीं किया।
वीडियो आने के बाद ही सरकार हरकत में आई और प्रधान मंत्री ने मणिपुर को लेकर दो महीने का मौन तोड़ा। उनका कहना है कि वीडियो में दिखाई गई वीभत्स घटना और मणिपुर की बिगड़ी हुई स्थिति बता रही है कि भाजपा की विघटनकारी नीतियों का परिणाम है। केंद्र सरकार विपक्ष की मदद लेकर मणिपुर में शांति बहाली कायम करे और नुकसान की भरपायी करे। सुभाषिनी कहती हैं कि विभाजनकारी, नफरत फैलाने वाली बयानबाज़ी को सख्ती से रोकना होगा।
महिला मंच की संयोजक नीलम चतुर्वेदी ने बताया कि मणिपुर हिंसा का एक वीडियो वायरल होने के बाद देश में आक्रोश व्याप्त है। मणिपुर हिंसा पर महिला मंच समेत तमाम समाजसेवी संगठनों संयुक्त हस्ताक्षर अभियान चलाया है कुल डेढ़ लाख हस्ताक्षर किए जाने हैं। हस्ताक्षरकर्ता की ओर से संयुक्त याचिका सुप्रीमकोर्ट में दायर करने की तैयारी है।
समाजवादी पार्टी की वरिष्ठ नेता नीलम रोमिला सिंह ने बताया कि महिला उत्पीड़न का एक और वीडियो पब्लिक डोमेन में आया है। मणिपुर के बदतर हालात और वीडियो वायरल की शर्मनाक घटना के लिए वहां की सरकार जिम्मेदार है। नीलम का कहना है कि मणिपुर सरकार बर्खास्त करके वहां राष्ट्रपति शासन लगाया जाए। हालात काबू करने को मिलिट्री लगाई जाए।
गृहणी श्रीमती रेखा शर्मा बताती हैं कि उन्होंने सोशल मीडिया मणिपुर में महिला विरुद्ध हिंसा के दिल दहलाने वाले वीडियो देखें। इस नस्लीय हिंसा को सरकार हस्तक्षेप करके खत्म करे। वहां की घटनाओं को लेकर महिलओं में आक्रोश जायज है।
