अनुज हत्याकांड: फरारी काट रहे प्रभाकर-अमित चौधरी की गिरफ्तारी में पुलिस की सुस्ती
केजीके कॉलेज के क्लर्क अमित चौधरी के विरुद्ध 25000 रुपये का इनाम घोषित, असमोली ब्लाक प्रमुख के पति प्रभाकर चौधरी पर इनाम घोषित नहीं कर पाई पुलिस
मुरादाबाद, अमृत विचार। भाजपा नेता अनुज चौधरी की हत्याकांड में साजिश रचने में प्रमुख भूमिका निभाने वाले अभियुक्त पर कार्रवाई करने से पुलिस सुस्त दिख रही है। वैसे अभी तक नामजद आरोपियों में तीन अभियुक्त गिरफ्तार भी हो चुके हैं। तीनों शूटर भी जेल पहुंच चुके हैं। लेकिन, प्रभाकर चौधरी और अमित चौधरी अभी भी फरारी काट रहे हैं।
वैसे अनुज हत्याकांड में पुलिस भी असमोली ब्लॉक प्रमुख संतोष देवी के पति प्रभाकर चौधरी को ही प्रमुख साजिशकर्ता मान रही है। बड़ी बात ये भी है कि केजीके कॉलेज का क्लर्क अमित चौधरी भी अनुज हत्याकांड में नामजद है। इसकी गिरफ्तारी न हो पाने पर पुलिस ने उस पर 25,000 रुपये का इनाम घोषित कर दिया है लेकिन, प्रभाकर चौधरी के विरुद्ध पुलिस ने अभी तक न ही इनामी राशि घोषित की है और न ही उसकी गिरफ्तारी हुई है।
अब तक छह आरोपी हो चुके हैं गिरफ्तार
16 अगस्त को पुलिस ने असमोली ब्लॉक प्रमुख संतोष देवी के बेटे अनिकेत और उसके साथी रेलवे हरथला काॅलोनी निवासी रेलवे क्लर्क नीरज पाल को गिरफ्तार कर हत्याकांड का खुलासा किया था। पुलिस ने दावा था किया था हत्याकांड की साजिश ब्लॉक प्रमुख के बेटे अनिकेत, पति प्रभाकर, रेल कर्मी नीरज पाल, दीपक चौहान हत्याकांड में जेल में उम्रकैद की सजा काट रहे मोहित चौधरी का भाई अमित चौधरी और उसके गांव का पुष्पेंद्र उर्फ भूरा ने रची थी।
शूटर सूर्यकांत शर्मा, आकाश और सुशील शर्मा से 30 लाख रुपये में हत्या का सौदा तय किया था। मंगलवार को पुलिस ने तीनों शूटरों को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। पत्रकारों से वार्ता के दौरान एसएसपी हेमराज मीना ने बताया था कि शूटरों को हथियार और कारतूस पुष्पेंद्र ने ही सप्लाई किए थे। पुष्पेंद्र भी मोहित और अमित चौधरी के गांव भवालपुर का ही रहने वाला है। बुधवार को वह अपने वकील से बात करने कचहरी आ रहा था। उसी दौरान उसे पुलिस ने रास्ते में गिरफ्तार कर लिया था।
प्रभाकर ने रची थी हत्या की साजिश
असमोली ब्लॉक में अनुज चौधरी दूसरी बार अविश्वास प्रस्ताव लाने की तैयारी में थे। इससे प्रभाकर को आर्थिक और राजनीति नुकसान हो रहा था। इसी के चलते प्रभाकर-अनजु में कई बार झगड़े भी हुए थे। इस तरह भाजपा नेता अनुज चौधरी की प्रभाकर चौधरी से सीधी लड़ाई थी। इसी अगस्त महीने में भी अनुज चौधरी एक बार फिर से ब्लॉक प्रमुख पद के लिए संतोष देवी के विरुद्ध अविश्वास प्रस्ताव लाने की तैयारी में थे। जीवित रहते अनुज अपने पक्ष में 100 सदस्य होने का दावा भी कर रहे थे। इस तरह भाजपा नेता अनुज चौधरी की प्रभाकर चौधरी से सीधी लड़ाई थी। 16 अगस्त को अनिकेत व नीरज की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अफसरों ने दावा किया था कि प्रभाकर चौधरी साजिश में शामिल रहा है। उसे डर सताने लगा था कि ब्लॉक प्रमुख की कुर्सी उसके परिवार से छीन जाएगी। इसी रंजिश में सुपारी देकर ब्लॉक प्रमुख और उसके बेटे समेत अन्य ने साजिश कर अनुज चाैधरी की हत्या कराई थी।
अमित चौधरी अभी फरार चल रहा है। इसके विरुद्ध 25,000 रुपये का इनाम घोषित हो चुका है। प्रभाकर चौधरी भी फरार है, इसके विरुद्ध इनाम घोषित करा रहे हैं। अनुज हत्याकांड में नामजद व अन्य जो भी नाम सामने आए हैं, उनमें अब केवल अमित चौधरी व प्रभाकर चौधरी की गिरफ्तारी शेष है। इनकी गिरफ्तारी के लिए भी हमारी टीमें संदिग्ध स्थलों पर दबिश दे रही हैं।- अर्पित कपूर, सीओ सिविल लाइंस
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