रायबरेली: जनऔषधि केंद्र में बिकती मिली महंगी दवाएं, लाइसेंस निरस्त की चेतावनी

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

रायबरेली, अमृत विचार। गरीबों को बाहर की महंगी दवाएं ना खरीदनी पड़े, इसके लिए प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र का संचालन किया जा रहा है। वर्तमान में इसमें भी खूब धांधली हो रही है। सेटिंग-गेटिंग करके महंगी दवाएं रोगियों को दी जा रही है। ऐसा ही मामला जिला अस्पताल में संचालित जन औषधि केंद्र में सामने आया है। 

सीएमएस की शिकायत पर ड्रग इंस्पेक्टर ने छापेमारी की तो महंगी दवाएं मौके पर मिली। इतना ही नहीं फार्मासिस्ट के अनुपस्थित होने के साथ ही रोगियों को कंप्यूटर बिल भी नहीं दिया जा रहा था। इस पर ड्रग इंस्पेक्टर ने दोबारा गड़बड़ी मिलने पर लाइसेंस निरस्त की चेतावनी देते हुए जमकर फटकार लगाई।

जिला अस्पताल मुख्य चिकित्सा अधीक्षक महेंद्र मौर्य ने परिसर में संचालित प्रधानमंत्री जनऔषधि केंद्र में अनियमितता की शिकायत संबंधित अधिकारियों से की। शनिवार को ड्रग इंस्पेक्टर शिवेंद्र प्रताप सिंह ने सीएमएस के साथ जन औषधि केंद्र का औचक निरीक्षण किया। 

इस दौरान तमाम गड़बड़ियां मिली। इतना ही नहीं सस्ती दवाओं के साथ ही काफी महंगी दवाएं भी रैक में लगी मिली। इस पर उन्होंने जमकर फटकार लगाई। दवाओं का सैंपल लेने के साथ ही सभी को वापस करने के निर्देश दिए। कहा कि यदि दोबारा ऐसा मामला मिलेगा तो प्रतिष्ठान लाइसेंस निरस्त करने की संस्तुति लखनऊ मंडल सहायक आयुक्त कमिश्नर को दे दी जाएगी।

ड्रग इंस्पेक्टर ने बताया कि मौके पर कोई भी फार्मासिस्ट नहीं मिला। इतना ही नहीं राेगियों को दवा के साथ कंप्युटराइज्ड बिल भी नहीं दिया जा रहा है। पूछने पर कर्मचारी ने बताया कि रोगी बिल नहीं मांगते हैं। इसलिए नहीं दिया जाता है। ड्रग इंस्पेक्टर ने बताया कि केंद्र संचालक को प्रत्येक रोगी को दवा के साथ कंप्यूटराइज्ड बिल देने के निर्देश दिए गए हैं।

यह भी पढ़ें:-अयोध्या: न चारा न पानी..., बदहाल अवस्था में बंद कमरे में रह रहे गोवंश, वीडियो वायरल

संबंधित समाचार