मुरादाबाद: खुद को पाकिस्तान की बताने वाले युवती को मेरठ ले गए परिजन
मुरादाबाद, अमृत विचार। खुद को पाकिस्तान की बताकर पुलिस और खुफिया एजेंसियों के अधिकारियों को छकाने वाली मेरठ की युवती को परिजन अपने साथ घर ले गए। हालांकि छह घंटे तक पूछताछ में युवती द्वारा सही जानकारी न देने से जीआरपी और जांच एजेंसियों के अधिकारियों की सांसें अटकी रहीं।
युवती के पिता और भाई ने उसे मानसिक रूप से कमजोर होने का दावा किया है। साथ ही युवती पुलिस को सौंपने वाले समाजिक कार्यकर्ता निखिल को भी घर भेज दिया गया है।
महानगर में कटघर के रहने वाले निखिल शर्मा के अनुसार, रविवार रात काठगोदाम एक्सप्रेस ट्रेन से वह यहां आ रहे थे। इससे पहले देहरादून स्टेशन पर उन्हें एक युवती मिली थी। उसने निखिल से खुद को पाकिस्तान में कराची शहर की रहने वाली बताया था। इसके अलावा उसने अपना सामान नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर चोरी होने की जानकारी दी थी। बैग में पासपोर्ट, वीजा व अन्य दस्तावेज होने का दावा किया था।
उसने कहा था कि वह मुंबई में अपने मामा के यहां जाना चाहती है। इसके बाद निखिल युवती को मुरादाबाद ले आया और अपनी बहन के घर उसे छोड़ दिया था। इस बीच युवती ने अपना हयात बताया। सोमवार सुबह निखिल ने युवती जीआरपी को सौंपी थी। युवती पाकिस्तान की होने की जानकारी मिलने पर पुलिस विभाग व जाआरपी में खलबली मच गई थी।
कुछ देर में ही खुफिया एंजेसी, आरपीएफ की टीम युवती से पूछताछ करने में जुटी। वह पूछताछ के दौरान बार-बार अपने बयान बदल रही थी। इससे पुलिस व जांच एजेंसियों की मुश्किल बढ़ गई। हालांकि कुछ देर बाद युवती ने अपना नाम बुशरा और मेरठ शहर की रहने वाला बताया तो पुलिस ने शहर कोतवाली में बताए पते पर जानकारी की।
इसके बाद उसके भाई ने अपनी बहन को पहचान लिया था। उसके पिता मोहम्मद हारुन निवासी चौक करम अली गुदड़ी बाजार मेरठ, भाई मोहम्मद अफ्फान और मामा परवेज सोमवार रात यहां जीआरपी थाने पहुंचे। पुलिस को युवती के भाई ने बताया कि वह घर से पहले भी दो-तीन बार निकल गई थी।
अब वह 23 सितंबर को घर से निकल गई थी और इसकी गुमशुदगी भी दर्ज थी। इसकी मानसिक स्थिति ठीक नहीं है। जीआरपी थाना प्रभारी राजन शर्मा ने बताया कि बुशरा को परिजनों की सुपुदर्गी में दे दिया है। इस मामले में कोई कानूनी कार्रवाई नहीं की गई है। मामला सही मिलने पर निखिल को भी घर भेज दिया।
