अयोध्या: राम वनगमन के बाद दशरथ ने त्यागे प्राण, सांसद रवि किशन की केवट की भूमिका ने किया मंत्रमुग्ध

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

अयोध्या। रामकथा पार्क में चल रही फिल्मी रामलीला में श्रीराम वनगमन के बाद गंगा के किनारे केवट से मुलाकात और भारत मिलाप का प्रसंग दर्शकों को भाव विभोर कर गया। आज की रामलीला में गोरखपुर के भाजपा सांसद रवि किशन की केवट की भूमिका ने लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया। केवट ने ओजस्वी वाणी से राम का स्वागत किया। राम ने भाव विह्वल हो, केवट को गले लगाया। उसने राम के भातृत्व की भावना के साथ-साथ सामाजिक समरसता का संदेश दिया।

Untitled-27 copy

अगली प्रस्तुति में राम के वन गमन के बाद दुखी राजर्षि दशरथ ने प्राण त्यागे, उसने दर्शकों के बीच एक पिता और पुत्र के प्रेम को परिभाषित किया। भरत-कैकेई संवाद की प्रस्तुति ने पारिवारिक ताने-बाने की संवेदनाओं को प्रदर्शित किया। एक अन्य प्रस्तुति भरत मिलाप ने तो भाई-भाई के बीच के प्रेम को एक प्रभावशाली सामाजिक संदेश के रूप में स्थापित किया,जिसमें भरत ने राजपाट स्वीकार न कर भाई के प्रति समर्पण दिखाया। तो दूसरी तरफ राम ने पिताजी के आदेश का पालन करने के संवाद ने दर्शकों के बीच एक पारिवारिक और सामाजिक कड़ी को मजबूत करने का संदेश दिया।

यह भी पढ़ें: भगवान राम ने मां जानकी को पहनाई वरमाला, देवताओं ने की पुष्पवर्षा, गाजे-बाजे के साथ धूमधाम से निकली राम बारात

संबंधित समाचार