लखनऊ: मंगलम अस्पताल पर जुर्माना लगाने की संस्तुति, मरीज की हुई थी मौत, जांच में दो डॉक्टर पाए गए दोषी
लखनऊ, अमृत विचार। जानकीपुरम स्थित मंगलम अस्पताल में हाथ के फ्रेक्चर का ऑपरेशन के बाद मरीज की मौत हो गई थी। परिजनों ने डॉक्टरों पर इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए जांच की मांग की थी। स्वास्थ्य विभाग की जांच में दो डॉक्टर दोषी पाए गए हैं। जिन पर कार्रवाई होगी। हालांकि घटना के बाद से दोनों डॉक्टर गायब है। वह अपने बयान तक दर्ज कराने नहीं पहुंचे। साथ ही अस्पताल पर 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाने की भी संस्तुति की गई है।
इंदिरानगर चांदन गांव के रहने वाले शीतला प्रसाद (50) के हाथ में फैक्चर हुआ था। मार्च 2022 में बेटे ब्रजेश के साथ बाइक पर बैठकर इलाज के लिए अस्पताल आए थे। डॉक्टर ने जांच पड़ताल बाद ऑपरेशन का फैसला लिया था। हाथ के ऑपरेशन दौरान मरीज की मौत हो गई थी। परिजनों ने लापरवाही का आरोप लगाकर जमकर हंगामा किया था। घटना बाद से अस्पताल संचालक व स्टॉफ भाग गए थे। बेटे ने मामले में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने एक्सपर्ट की राय लिए स्वास्थ्य विभाग को जांच भेजी थी।
स्वास्थ्य विभाग जरिए अस्पताल संचालक व डॉक्टर को कई बार बयान दर्ज कराने के लिए बुलाया गया और नोटिस भेजी गई,लेकिन कोई नहीं आया। ऐसे में इलाज के दस्तावेज सहारे विभाग ने जांच शुरू किया। जांच दौरान पता चला कि अस्पताल का संचालन अवैध तरीके से हो रहा था उसका पंजीकरण तक नहीं था।
ऑपरेशन करने वाले डॉक्टर पैनल में शामिल नहीं थे। स्वास्थ्य विभाग ने जांच पूरी कर ली है। इसमें अस्पताल संचालक डॉ. संतोष व इमरजेंसी मेडिकल अफसर डॉ. शिवम शुक्ला को दोषी माना है। स्वास्थ्य विभाग के अफसरों का कहना है रिपोर्ट जल्द ही पुलिस को भेजी जाएगी। जिसके बाद आगे की कार्रवाई होगी। नर्सिंग होम के नोडल डॉ. एपी सिंह के मुताबिक, जांच पूरी हो गई है। जल्द ही आगे की कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
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