Farrukhabad News: सुमित हत्याकांड में कोर्ट ने सुनाया फैसला, प्रेमिका सहित पांच को मिला आजीवन कारावास...
फर्रुखाबाद सुमित हत्याकांड में कोर्ट ने फैसला सुनाया है।
फर्रुखाबाद सुमित हत्याकांड में कोर्ट ने फैसला सुनाया है। सुमित की हत्या में शामिल उसकी प्रेमिका सहित पांच लोगों को आजीवन कारावास का दंड दिया गया है। इसके साथ ही कोर्ट ने इन सभी से 15-15 हजार रुपये अर्थदण्ड वसूलने का आदेश दिया है।
फर्रुखाबाद, अमृत विचार। न्यायालय विशेष न्यायाधीश एससी एसटी एक्ट महेंद्र सिंह चतुर्थ ने सुमित हत्याकांड में प्रेमिका सहित पांच अभियुक्तों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने करीब सवा साल में ही हत्याकांड के मुकदमे का फैसला किया है। अदालत ने अभियुक्तगण ईद मोहम्मद, इरशाद, रूबीना, अनीसा व निशा उर्फ नन्ही, को धारा 302 , धारा 120बी अपराध के लिए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। न्यायालय ने इन सभी से 15-15 हजार रुपये अर्थदण्ड, अदा करने का आदेश दिया है। अर्थ दंड अदा न करने पर दो वर्ष अतिरिक्त कारावास का भी आदेश दिया है।
कोतवाली कायमगंज के मोहल्ला जटवारा निवासी विनोद कुमार की पत्नी राधा देवी ने 23 सितंबर 2022 को अज्ञात व्यक्तियों के विरुद्ध 20 वर्षीय पुत्र सुमित की हत्या किए जाने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। सुमित 19 सितंबर की शाम 5 बजे घर से मोबाइल में गाना डलवाने की बात कह कर गया था।
वापस न लौटने पर जब उसके मोबाइल फोन पर कॉल की गई तो फोन बंद था। दूसरे दिन अखबार में युवक का शव बरामद होने की खबर पढ़ने के बाद परिजन पोस्टमार्टम हाउस गए। परिजनों ने शव की सुमित के रूप में शिनाख्त की। विवेचना में मोहल्ला जटवारा निवासी ईद मोहम्मद की पुत्री निशा उर्फ नन्ही, उसकी मां अनीसा, भाई इरशाद पिता ईद मोहम्मद एवं दिलशाद की पत्नी शवीना को दोषी पाया गया।
विवेचक ने इन सभी को गिरफ्तार कर 18 नवंबर को जेल भेज दिया था। इसके बाद आरोपी पत्र न्यायालय में दाखिल कर दिया। अदालत ने सभी आरोपियों को दोषी करार दे दिया। मुकदमे की जांच में उजागर हुआ कि सुमित का निशा से प्रेम चल रहा था। निशा ने फोन कर सुमित को घर बुलाया था।
इस बात की जानकारी अन्य परिजनों को हो गई। जिन्होंने दुपट्टे से सुमित का गला घोंट कर मार डाला। शव को बोरे में बंद कर ग्राम जौरा रोड पर खंती में फेंक दिया था। खेत मालिक अनुज कुमार दीक्षित ने गवाही दी थी की वह दोपहर को खेत की ओर गए थे तभी उन्होंने खेती में पड़े बोरे में शव देखा था।
पुलिस ने निशा के कमरे से सुमित की चप्पल एवं उसके बक्से से वह दुपट्टा भी बरामद कर लिया जिससे सुमित का गला घोंटा गया था। इस मामले में पीड़ित और बचाव पक्ष के अधिवक्ताओं को सुनने के बाद न्यायालय फैसला सुना दिया है।
