मुरादाबाद : आधार की तर्ज पर हर विद्यार्थी की होगी आपार आईडी, आसानी से मिल सकेगा डेटा
12 डिजिट का यूनीक नंबर भी होगा, बच्चों की प्राइमरी से लेकर उच्च शिक्षा तक जानकारी होगी उपलब्ध
मुरादाबाद। आधार कार्ड की तर्ज पर स्कूली बच्चों के लिए (ऑटोमेटेड परमानेंट एकेडमिक अकाउंट रजिस्ट्री) आपार आईडी कार्ड बनाने का काम जल्दी ही शुरू होगा। यह कार्ड आधार की तरह 12 डिजिट का यूनीक नंबर होगा। इसमें प्रत्येक छात्र-छात्रा का पूरा एकेडमिक रिकॉर्ड, परीक्षा परिणाम, स्पोर्ट्स एक्टिविटीज, एक्स्ट्रा करीकुलर एक्टिविटीज या ओलंपियाड जैसी किसी भी मान्यता प्राप्त प्रतियोगिता में भागीदारी का सारा डेटा एक ही जगह पर आसानी से मिल सकेगा।
बीएसए अजीत कुमार ने बताया कि आपार आईडी में प्राइमरी से लेकर उच्च शिक्षा तक हर विद्यार्थी का पूरा शैक्षिक रिकॉर्ड रहेगा। स्कूल, कॉलेज, यूनिवर्सिटी ट्रांसफर, सर्टिफिकेट सत्यापन, स्किल ट्रेनिंग, इंटर्नशिप, स्कॉलरशिप, अवॉर्ड, कोर्स क्रेडिट ट्रांसफर और अन्य सभी उपलब्धियां डिजिटल रूप में समाहित रहेंगी। बताया कि छात्र-छात्राओं का आपार कार्ड बनने से शिक्षा क्षेत्र में डेटा संग्रह का काम आसान हो जाएगा। इससे केंद्र और राज्य सरकार को नीतियां बनाने और बजट प्रावधान में आसानी होगी। इसके जरिए साक्षरता दर, स्कूल छोड़ने वाले बच्चों की संख्या जैसे तमाम आंकड़े प्राप्त करना सहज हो जाएगा।
अभिभावकों की सहमति से बनेगी आईडी
आपार आईडी आधार नंबर के जरिए जारी होगा। सिर्फ स्कूल-कॉलेज के माध्यम से ही बनेगी। माता-पिता/अभिभावकों की सहमति भी ली जाएगी। क्योंकि इसका डेटा शिक्षा संबंधी विभागों और संस्थानों के साथ साझा होगा। इसके तहत बच्चों का आधार वेरिफिकेशन किया जाएगा। आपार से जुड़े रिकॉर्ड डिजिलॉकर में उपलब्ध होंगे। इससे छात्र जीवन से जुड़ी हर एकेडमिक गतिविधि की अधिकारिक जानकारी इस नंबर के साथ उपलब्ध होगी। नौकरी पाने के लिए भी सीधे आपार नंबर का इस्तेमाल हो सकेगा। यही नहीं, नौकरी पाने के बाद स्किलिंग, रीस्किलिंग या अपस्किलिंग में भी इसी का इस्तेमाल हो सकेगा।
आपार आईडी से कौन सी मुश्किलें आसान होंगी
कोर्स क्रेडिट ट्रांसफर में आसानी होगी। मसलन किसी कोर्स के दो विषय आप पढ़ चुके हैं और अन्य विषय बाद में पढ़ते हैं तो इसमें जानकारी रहेगी कि आप दो विषय शुरुआत में पढ़ चुके हैं। ये दोबारा नहीं पढ़ने होंगे। आपार में सर्टिफिकेट वेरिफाइड रहेंगे। बार-बार वेरिफिकेशन का झंझट खत्म होगा। आपने स्कूली पढ़ाई पूरी की है या कोई डिग्री ली है, तो ऐसी सूचनाएं अपडेट होती रहेंगी। आप किसी योजना, कंसेशन, अवॉर्ड के योग्य हैं, तो आपार आईडी बताते ही संबंधित संस्था को पता चल जाएगा।
वन नेशन, वन स्टूडेंट आईडी
आपार आईडी की सिफारिश नई शिक्षा नीति में की गई थी। यह केंद्र सरकार की वन नेशन वन स्टूडेंट आईडी अभियान का हिस्सा है। स्कूल-कालेजों से इस आईडी को बनाने का काम शुरू करने के लिए कहा है। अपार आईडी आधार नंबर के जरिए जारी होगी और स्कूल-कॉलेज के माध्यम से ही बनेगी। इसी आईडी से विद्यार्थियों का वेरिफिकेशन किया जाएगा। आपार से जुड़े रिकॉर्ड डिजिलॉकर में उपलब्ध होंगे।
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