रायबरेली: दबंगों ने मछली व्यवसायी का हाथ-पैर तोड़ा, शर्मनाक रही 'खाकी' की कार्यशैली'!, जानिये क्या था मामला?
कोतवाली पुलिस तीन दिन तक बनाती रही दबाव, तहरीर बदलवाकर दर्ज की रिपोर्ट
सलोन, रायबरेली। खाकी की संवेदनहीनता से एक व्यापारी के जान पर बन आई है। बीते दिनों दबंगों ने मछली व्यवसाई को घेर कर जानलेवा हमला कर दिया। इतना ही नहीं उसके हाथ-पैर तक तोड़ दिए। वहीं पुलिस मामले में तहरीर बदलवाने का दबाव बनाती रही। घटना के तीन दिन बाद मुकदमा दर्ज किया। आरोप है कि पुलिस कर्मियों ने तहरीर में लूट शब्द हटवाकर तहरीर बदल दी और घटना को मामूली धाराओ में पंजीकृत किया है। वही पुलिस से जब मामले की जानकारी की गई तो टालमटोल करने में जुट गई।
सलोन कोतवाली क्षेत्र के रतासो गांव निवासी जमुना प्रसाद मछली व्यवसाई है। कुछ दिन पूर्व मछली बेचने के विवाद को लेकर विपक्षी पप्पू, राजू पुत्रगण मंगरे निवासी कारहिया से धरई बाजार में जमुना प्रसाद की कहासुनी हुई थी। रविवार को गणेशगंज मछली बेचकर घर लौट रहे युवक जमुना प्रसाद को पीरा नगर के पास विपक्षी राजू और पप्पू ने अपने आधा दर्जन अज्ञात साथियों के साथ मिलकर रोक लिया। वह जब तक कुछ समझ पाता उस पर हॉकी और लोहे की रॉड से हमला कर हाथ-पैर तोड़ दिया। घटना को अंजाम देने के बाद सभी अभियुक्त मौके से भाग निकले। वहीं गम्भीर रूप से घायल युवक को सीएचसी से जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया।
पीड़ित की पत्नी ने घटना वाली रात ही सलोन पुलिस को लूट और मारपीट की तहरीर सौंपी थी। लेकिन पुलिस ने कार्रवाई करने के बजाए मामले को दबाने में जुट गई। इसके बाद महिला की तहरीर बदलवाकर घटना को मामूली धाराओ में दर्ज कर खानापूर्ति कर ली गई। कोतवाल श्याम कुमार पाल ने बताया कि लूट की घटना फर्जी है। महिला की तहरीर नहीं बदलवाई गई थी। महिला के नाम से कोई दूसरा तहरीर देकर गया था।इसलिए तहरीर के लिए महिला को बुलाया गया था।

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