Kanpur: बिटकॉइन और क्रिप्टोकरेंसी के जाल में ऐसा फंसा छात्र...बचने के लिए नहीं मिला कोई रास्ता, फिर किया ये काम
कानपुर में नीट की तैयारी कर रहे छात्र ने दी जान
कानपुर, अमृत विचार। काकादेव में ऑनलाइन गेमिंग में रुपये हार कर जान देने वाला छात्र नवनीत इंस्टाग्राम के जरिए सटोरियों के चंगुल में फंस कर बिटकॉइन व क्रिप्टोकरेंसी के खेल में फंस गया था।
शनिवार को पोस्टमार्टम हाउस परिजनों ने रोते हुए कहा कि उन्हें अंदाजा ही नहीं लगा कि बेटा रुपये कमाने के लिए गलत रास्ते पर चला गया है। बिलखते हुए पिता बोले, नवनीत ने हाल में उनसे छह हजार रुपये लिए थे। वह पिछले तीन माह से अतिरिक्त रुपयों की मांग कर रहा था।
काकादेव स्थित अग्रवाल हॉस्टल में शुक्रवार शाम बदायूं निवासी पूर्व प्रधान लालता प्रसाद शाक्य के बेटे 19 वर्षीय नवनीत ने फांसी लगाकर जान दे दी थी। शनिवार को परिजन पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे। बेटे का शव देखते ही पिता बदहवास हो गए।
वह बड़े बेटे निर्देश को सिविल सर्विसेज और नवनीत को नीट की तैयारी करा रहे थे। निर्देश दिल्ली में रहकर तैयारी कर रहा है, जबकि नवनीत नीट की तैयारी के लिए अपने हमउम्र चाचा संदीप के साथ काकादेव में रह रहा था। पिता ने बताया कि सप्ताह भर पूर्व नवनीत ने छह हजार रुपये की मांग की थी।
तीन दिन पहले उन्होंने पैसे खाते में भेज दिए थे। पिछले तीन माह से नवनीत खर्चे के अतिरिक्त रुपयों की मांग कर रहा था। एक रिश्तेदार भवनेश ने बताया कि उनसे भी ट्रेडर विजय नाम की आईडी से संपर्क किया गया था।
500 रुपये में पांच हजार के मुनाफे का झांसा दिया गया था। पिता ने बताया कि नवनीत आखिरी बार नए साल पर घर आया था। होली में उसे घर आना था। लेकिन क्या पता था कि बेटे का शव लेकर जाना पड़ेगा।
इंस्टाग्राम पर आरोपी की कई आईडी
चाचा संजय ने बताया कि नवनीत ने ऑनलाइन गेमिंग के बारे में जानकारी दी थी। लेकिन वह कब और कैसे आरोपियों के संपर्क में आया, इसकी उन्हें जानकारी नहीं है। संजय ने बताया कि ट्रेडर विजय के नाम से इंस्टाग्राम आईडी है। जिस पर उसके कई एकाउंट हैं, इनमें हजारों लोग फॉलोवर हैं। आईडी पर कम रुपये देकर ज्यादा मुनाफे के कई वीडियो पड़े हैं। युवतियों की चैट का वीडियो भी है। जिसमें युवतियां ज्यादा मुनाफा होने पर पैसे देने की बात कह रही हैं।
होनहार छात्र था नवनीत
लालता प्रसाद ने बताया कि बेटे द्वारा कुछ समय से ज्यादा पैसों की मांग करने के कारण उन्हें चिंता हो रही थी। जानकारी करने पर नवनीत ने पढ़ाई में पैसे खर्च होने की बात बताई थी।
बेटे ने नीट की टेस्ट सीरीज ज्वाइन की थी। हर रविवार को टेस्ट में मिले नंबर बताता था। बीते रविवार को टेस्ट में नवनीत की क्लास में 29 वीं रैंक आई थी। उसने हाईस्कूल और इंटर की परीक्षा अच्छे अंकों से पास की थी।
