खीरी में कमिश्नर की जनसुनवाई में उमड़े फरियादी, लापरवाही पर हुई कार्रवाई 

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

लखनऊ। लखनऊ कमिश्नर रोशन जैकब जनशिकायतों को लेकर काफी सक्रिया है। आम जन की शिकायतें सुनने व शिकायतों का समय से निस्तारण कराने के लिए कमिश्नर शुक्रवार को खीरी पहुंची, जहां पर कमिश्नर ने जन समस्याएं सुनी व सबंधित अधिकारी को समय से शिकायतों के निस्तारण के लिए निर्देशित किया। इस दौरान भारी संख्या में लोग कमिश्नर के पास शिकायतें लेकर पहुंचे। कमिश्नर के जनशिकायतों को गंभीरता से न लेने व हीलाहवाली करने वाले कर्मचारियों पर कार्रवाई भी की।   
सुबह से शाम तक चला निस्तारण 
जनशिकायतों का निस्तारण शासन की प्राथमिकता में शामिल है, शुक्रवार को पहले से निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार कमिश्नर रोशन जैकब ने कलक्ट्रेट सभागार में शिकायतें सुनी। कमिश्नर द्वारा सुनवाई की सूचना पाकर शिकायतकर्ताओं का सैलाब उमड़ पड़ा, सुबह 11 बजे से शिकायतों की सुनवाई और उनका निस्तारण शाम चार बजे तक चला। डीएम महेंद्र बहादुर सिंह ने बताया कि 223 शिकायतें सुनी गईं, इसमें से कुछ शिकायतों के निस्तारण के लिए जिम्मेदार अधिकारियों को भेज कर उनका निस्तारण किया गया। शेष शिकायतों के समयबद्ध व गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के लिए संबधित विभागों को निर्देश दिए गए हैं। जनसुनवाई के दौरान कमिश्नर ने निर्देश दिया कि तहसील स्तर पर एसडीएम मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना बीमा योजना के कैंप लगवाएं। प्राप्त मामलों का गंभीरता से निस्तारण कराए।
लेखपाल पर की कार्रवाई 
सुनवाई के दौरान फरियादी ने अवगत कराया कि अपर उपजिलाधिकारी न्यायालय पर   बटवारा वाद विचाराधीन है, जिसमे लेखपाल पुष्पलता  द्वारा कुर्रा बटवारा की आख्या नहीं भेजी जा रही। आख्या न भेजने को कमिश्नर ने गंभीरता से लेकर लेखपाल पुष्पलता को प्रतिकूल प्रविष्टि देने के निर्देश दिए।
शिकायकर्ता के पास खुद पहुंचेंगी कमिश्नर 
कमिश्नर डॉ रोशन जैकब ने बताया कि ,जनशिकायतों का निस्तारण मुख्यमंत्री की प्राथमिकता में है। शिकायतकर्ताओं के संबधित जनपद में ही किया जाए, लोगों को अपनी शिकायतों के निस्तारण के लिए बेवजह लखनऊ तक की दौड़ न लगानी पड़े। इसलिए मंडलीय जनता दर्शन को विकेंद्रीकृत कर जनपद स्तर पर किया जा रहा है। रोस्टर के मुताबिक वो जनशिकायतों को सुनने व निस्तारित करने के लिए यहां पहुंची हैं। कहा उनकी कोशिश रहेगी दर्ज की गई शिकायतों का एक सप्ताह के अंदर निस्तारण कर दिया जाए। हर स्तर पर सुनवाई बेहतर हो। अधिक संवेदना, समयबद्ध निस्तारण मौके पर और धरातल पर निस्तारण हो, इसके लिए हर अधिकारी को कोशिश करनी चाहिए। जनसुनवाई में जनशिकायतों को निस्तारित करने के लिए मंडलीय अधिकारियों के साथ ही जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे। 
जमीनों से जुड़ी मिली सबसे ज्यादा शिकायतें 
कमिश्नर ने बताया कि ज्यादातर शिकायतें भूमि संबधी व आपसी लड़ाई-झगड़े की आईं। तहसील स्तर पर वरासत व भूमि अभिलेखों से संबधित शिकायतें भी बहुत आईं। निर्देश दिए गए इस तरह की शिकायतों का निस्तारण प्राथमिकता से कर दिया जाए। इसके लिए तहसीलों के अधिकारियों को भी निर्देश दिए गए। जिम्मेदारों की जबावदेही भी तय की गई। जनसुनवाई में डीएम महेंद्र बहादुर सिंह, सीडीओ अनिल कुमार सिंह, एडीएम संजय कुमार सिंह, एएसपी पवन गौतम सहित सभी एसडीएम, विभागों के जिम्मेदार उपस्थित रहे।

संबंधित समाचार