गोंडा: जिला अस्पताल में दिखी संवेदनहीनता, दो घंटे तक स्टाफ नर्स के इंतजार में पड़ा रहा शव, एक का वेतन रोका 

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Edited By Amrit Vichar
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गोंडा, अमृत विचार। बाबू ईश्वरशरण जिला अस्पताल में स्टाफ नर्स के इंतजार में एक शव करीब दो घंटों तक बेड पर पड़ा रहा। मृतक के हाथ में लगे वीगो को निकलवाने के लिए परिजन इधर उधर भटकते रहे लेकिन कोई नहीं पसीजा। मामले मे एक स्टाफ़ नर्स पर कार्रवाई की गई है।

उमरीबेगमगंज क्षेत्र के मोहम्मदपुर निवासी 65 वर्षीय बुजुर्ग अनिरुद्ध को फालिज की शिकायत थी।‌ उन्हें दो दिन पहले जिला अस्पताल मे भर्ती कराया गया था। हालत गंभीर होने के चलते शुक्रवार सुबह उनकी मौत हो गई। शव ले जाने से पहले उसके हाथ मे लगे वीगो को निकलवाने में परिजनों को दो घंटे की मशक्कत करनी पड़ गई। एक अदद स्टाफ नर्स के इंतजार मे शव दो घंटे डेंगू वार्ड में पड़ा रहा। 

जब परिजनों ने हंगामा शुरू किया तब जाकर मेडिकल स्टाफ़ होश में आया। आनन फानन में शव के हाथ से वीगो निकाला गया। इसके बाद ही परिजन शव ले जा सके।  इस मामसे की सूचना मिलते ही अस्पताल प्रशासन गंभीर हो गया और मेडिकल सुप्रीटेनडेंट डॉ. एम डब्ल्यू खान ने संबंधित स्टाफ नर्स का एक दिन का वेतन रोक दिया है और अन्य स्टाफ़ को कड़ी चेतावनी दी है।

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