गोंडा: सीडीपीओ के निरीक्षण में बंद मिले आंगनबाड़ी केंद्र, 14 का मानदेय रोका, नोटिस जारी कर मांगा स्पष्टीकरण 

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

कहा- योजनाओं के संचालन में शिथिलता बर्दाश्त नहीं 

गोंडा, अमृत विचार। मुजेहना ब्लाक के सीडीपीओ ने शनिवार को क्षेत्र के दर्जन भर से अधिक आंगनबाड़ी केंद्रों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कई केंद्र बंद पाए गए‌। कार्यकत्री सहायिका गैरहाजिर मिली। इस पर नाराजगी जताते हुए सीडीपीओ ने 14 आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिकाओं का मानदेय बाधित कर दिया है तौर नोटिस देकर स्पष्टीकरण तलब किया है। 

मुजेहना के बाल विकास परियोजना अधिकारी अभिषेक दूबे ने बताया कि उन्होंने शनिवार को कई आंगनबाड़ी केंद्रों का औचक निरीक्षण किया। इस निरीक्षण में अलावल देवरिया, धानेपुर, कौरहे में केंद्र संचालित मिला। यहां कार्यकत्री व बच्चे उपस्थित मिले। जबकि जांच के दौरान रामपुर दुबावल आंगनबाड़ी केंद्र बंद मिला‌ कार्यकत्री मीनाकुमारी गैरहाजिर मिली। पूरे गोनई की कार्यकत्री आसमां बानो का केंद्र भी बंद मिला। 

रूद्रगढ़ नौसी की अनीता, रिंकू, शिवदेवी, रेनू, सरस्वती देवी, किरन सैनी और पुष्पा देवी के केंद्र भी बंद मिले। ग्रामीणों से बातचीत में पता चला कि यह केंद्र कभी कभार ही खुलते हैं। राजापुर परसौरा में टीकाकरण सत्र पर मिथलेश पाण्डेय नदारद मिलीं। आंगनवाड़ी केंद्र पर गंगोत्री, रीता और आरती भी अनुपस्थित मिलीं। जांच के दौरान केंद्र पर ताला लटक रहा था। बनकासिया शिवरतन की आंगनबाड़ी शिवकुमारी भी केंद्र पर अनुपस्थित पायी गईं। 

कार्यालय लिपिक अरविंद ने बताया कि किसी भी आंगनबाड़ी कार्यकत्री ने कार्यालय से कोई अवकाश नहीं लिया है न ही कोई सूचना दी है। सीडीपीओ ने बताया कि अनुपस्थित मिली कार्यकत्री व सहायिका का मानदेय रोक दिया गया है और सभी को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा गया है। सीडीपीओ ने कहा कि इस प्रकार मनमाने ढंग से केंद्र बन्द होने से विभागीय योजनाओं पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। इस तरह की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जायेगी।

यह भी पढे़ं: लखनऊ: Congress को IT की नोटिस पर कार्यकर्ताओं में आक्रोश, किया प्रदर्शन-PM का पुतला जलाने का प्रयास

संबंधित समाचार