बाराबंकी : डीएम का आदेश बेअसर, नहीं हुआ पंचायत भवन निर्माण का भुगतान
हरख ब्लॉक के टिकरा घाट ग्राम पंचायत का मामला
सतरिख/ बाराबंकी, अमृत विचार । पंचायत भवन बनाने के चार वर्ष बीत चुके है लेकिन सचिव और ग्राम प्रधान के द्वारा श्रमिकों और सामग्री की आपूर्ति करने वाली फर्मो का भुगतान नहीं किया जा रहा है। जिससे यह लोग परेशान हैं। डीएम से शिकायत के बाद भी अफसर के द्वारा भुगतान नहीं कराया जा रहा है।
विकास खंड हरख के ग्राम पंचायत टिकराघाट में वर्ष 2020 में पंचायत भवन का निर्माण कराया गया था। जिसमें शरीफाबाद ग्राम पंचायत के श्रमिकों और राजगीरों के द्वारा कार्य किया गया था। श्रमिकों का भुगतान सचिव और ग्राम प्रधान के द्वारा कर दिया गया है जबकी राजगीरों का 95 हज़ार रूपए मज़दूरी अभी भी बाकी है। फ़र्ज़ीवाड़ा कर टिकराघाट गांव के राजगीरों के फ़र्ज़ी नाम फीड कर 40 हज़ार रूपये की मज़दूरी का भुगतान भी करा लिया गया है। ईट की आपूर्ति करने वाली फर्म का भी करीब 70 हज़ार रूपए बकाया है,और सीमेंट, मौरंग आदि सामग्री की आपूर्ति करने वाली फर्म का भी करीब 1 लाख 60 हज़ार बकाया है। जिसका भुगतान अभी तक नहीं किया गया है,आरोप है कि समरसेबल एक लगा है और भुगतान दो फार्मो पर अलग-अलग कर दिया गया है। बीडीओ से शिकायत के बाद भी भुगतान करने के बजाय मामले को रफा दफा कर दिया गया।
सूत्रों की माने तो टिकराघाट के पंचायत भवन में ईट और सीमेंट, मौरंग आदि सामग्री आपूर्ति करने वाली फर्म को भुगतान न करके अन्य फर्मो को भुगतान कर धनराशि प्रधान और सचिव के द्वारा निकल ली गई है,जिस कारण इन फर्मो और राजगीरो का भुगतान नहीं किया जा रहा है,करीब एक माह पूर्व राजगीर सुरेंद्र कुमार,संदीप कुमार,मायाराम,रोहित और ईट व सीमेंट आपूर्ति करने वाली फर्म के मालिक हरिओम,राजेश कुमार यादव डीएम से मिलकर शपथ पूर्वक मामले की शिकायत किया था है,जिसकी जांच जिला विकास अधिकारी को सौपी गई थी। लेकिन एक माह बीत गए है और आज तक भुगतान नहीं हो सका है। डीडीओ भूषण कुमार ने बताया कि शिकायत मिली थी ग्राम प्रधान,पंचायत सचिव,फर्मो के मालिकों के बयान दर्ज किया जा चुके हैं। मामले की जांच की जा रही है। जांच पूरी होते ही कार्रवाई की जाएगी।
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