लखीमपुर खीरी: न्याय नहीं मिला तो पानी की टंकी पर चढ़े दो युवक, अफसरों की अटकी रहीं सांसे

Amrit Vichar Network
Edited By Pradeep Kumar
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ठगी के पीड़ितों का चालान करने पर क्षुब्ध थे युवक, लेखपाल के निलंबन पर माने

पलिया कलां, अमृत विचार। गांव पतवारा निवासी दो युवक शनिवार की दोपहर तहसील परिसर स्थित पानी की टंकी पर पहुंचे और उस पर चढ़ कर आत्महत्या की धमकी देने लगे। इससे मौके पर तमाम लोगों की भीड़ जुट गई। युवकों का कहना था उनके साथ ठगी हुई और उन्हीं के परिवार की तीन महिलाओं का चालान भेजा गया। दोनों युवक न्याय मिलने पर ही नीचे उतरने की जिद पर अड़ गए। करीब छह घंटे तक चले हाई प्रोफाइल ड्रामे के बीच एसडीएम ने आरोपी लेखपाल को निलंबित कर दिया। तब जाकर दोनों युवक नीचे उतरे और अफसरों ने राहत की सांस ली।
  
टंकी पर चढ़े गांव पतवारा निवासी रामनिवास का कहना है कि गांव शाहपुर के लेखपाल ने उसे लालच देकर पत्नी, बहन एवं चाची आदि के नाम पट्टा बनवाए जाने के लिए 9,40000 रुपये की मांग की। उसने लेखपाल के कहने पर उसके मुंशी को 50,000/-दे दिए। इसके बाद लेखपाल ने प्रधान की मिलीभगत से एक व्यक्ति को मृत घोषित कर उसकी जमीन इन तीनों महिलाओं के नाम वरासत कर बैंक से 5,40,000 रुपये कर्ज निकलवा कर रख लिया। भूमि पर कब्जा दिलाने के नाम पर 90,000 रुपये और लेकर तीसरे व्यक्ति की भूमि उन्हें नाप दी। इस पर जिस व्यक्ति को मरा घोषित कर भूमि इन्हें विरासत की गई थी। वह स्थानीय तहसील व थाने में न्याय न मिलने पर कोर्ट चला गया। उसने नौ लोगों को नामजद कर न्याय की गुहार लगाई। कोर्ट के आदेश पर सभी आरोपियों पर विभिन्न आपराधिक धाराओं में रिपोर्ट दर्ज हुई। इसी बीच जब संपूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी दुर्गा शक्ति नागपाल पलिया आईं, तो आरोप है कि पीड़ितों को उनके समक्ष नहीं जाने दिया गया। इधर शुक्रवार की रात भीरा पुलिस ने नामजद आरोपी मालती देवी पत्नी रामगोपाल, विमलेश पत्नी रामनिवास व आशा रानी पत्नी चेतराम को गिरफ्तार कर शनिवार को चालान भेज दिया। 

छह घंटे बाद मना पाए अफसर
नाराज होकर रामनिवास अपने परिवार के ही धर्मेद्र के साथ शनिवार को तहसील पहुंचे और टंकी पर चढ़ आत्महत्या करने की धमकी देने लगे। इससे तहसील में हड़कंप मच गया। मौके पर पहुंचे एसडीएम कार्तिकेय सिंह, सीओ समेत कई अफसर उन्हें मना रहे हैं और कार्रवाई का आश्वासन देते रहे। करीब छह घंटे बाद एसडीएम ने आरोपी लेखपाल को निलंबित कर दिया और न्याय दिलाने का आश्वासन दिया। तब जाकर दोनों युवक नीचे उतरे। 

गलत तरीक से की गई वरासत सुधारी
एसडीएम ने बताया कि गलत तरीके से की गई वरासत को सुधार दिया गया है। लेखपाल को निलंबित किया गया है। बैंक से जो फ्रॉड कर रुपए निकाले गए थे। उसकी जांच सीओ गोला ने की थी, जिसमें संबंधित कुछ महिलाएं के खातों में पैसे आए थे। उन्हें जेल भेजा गया है। अब महिलाओं को रिमांड पर लेकर पुलिस पूछताछ कर आगे की कार्रवाई करेगी।

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