Alvida ki Namaz 2025 : ड्रोन व सीसीटीवी कैमरों से होगी मस्जिद की निगरानी

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

एक हजार से अधिक पुलिसकर्मी, 9 कंपनी पीएसी व अर्द्धसैनिक बल रहेंगे तैनात, रमजान के आखिरी जुमे को पढ़ी जाएगी अलविदा की नमाज

लखनऊ, अमृत विचार: रमजान के आखिरी जुमे पर अलविदा की नमाज शुक्रवार को पढ़ी जाएगी। इसकी सुरक्षा के लिए पुलिस ने बंदोबस्त कर लिये है। डीसीपी समेत 12 आईपीएस और पीपीएस के अलावा एक हजार से अधिक पुलिसकर्मी, 9 कंपनी पीएसी और अर्द्धसैनिक बलों को मुस्तैद किया गया है। वहीं प्रमुख मस्जिदों के आसपास के इलाके में ड्रोन व सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की जाएगी। संयुक्त पुलिस आयुक्त कानून-व्यवस्था बबलू कुमार ने सुरक्षा के इंतजाम को लेकर सभी अधिकारियों को जरूरी निर्देश दिये हैं।

पुलिस की गश्त

रमजान के आखिरी जुमा पर शिया व सुन्नी समुदाय के लोगों द्वारा मस्जिदों में नमाज अदा की जाएगी। शिया समुदाय द्वारा दोपहर 12 बजेसे 1 बजे तक आसिफी मस्जिद (बड़ा इमामबाड़ा) एवं सुन्नी समुदाय द्वारा एक बजे से दो बजे तक टीले वाली मस्जिद चौक पर नमाज अदा की जायेगी। जेसीपी कानून एवं व्यवस्था बबलू कुमार ने अलविदा की नमाज को लेकर की गई तैयारियों के संबंध में ऐशबाग ईदगाह में बैठक की। जिसमें धर्मगुरु खालिद रशीद फरंगी महली भी शामिल हुए। जेसीपी ने कहा कि नमाजियों की सहूलियत के लिए ऐशबाग ईदगाह, टीले वाली मस्जिद और आसिफी मस्जिद के रास्ते पर यातायात में बदलाव के इंतजाम किये गये हैं।

रास्ते की निगरानी सीसीटीवी और ड्रोन कैमरे से की जाएगी। सुरक्षा के लिए एक हजार से अधिक पुलिसकर्मी, 12 आईपीएस व पीपीएस के अलावा 9 कंपनी पीएसी व अर्द्धसैनिक बल तैनात किये गये हैं। नमाज के दौरान मुख्य मार्ग व महत्वपूर्ण स्थानों टीले वाली मस्जिद, चौकबड़ा इमामबाड़ा आसिफी मस्जिद चौक, ऐशबाग ईदगाह व चौराहों की निगरानी ड्रोन एवं सीसीटीवी कैमरों की मदद से की जाएगी। जिसमें ड्रोन की मदद से नमाज के दौरान जनता के आवागमन के मार्गों पर लगातार निगरानी रखी जायेगी।

अलविदा की नमाज

पिंक पेट्रोल व एंटी रोमियो स्क्वायड सक्रिय

जेसीपी के मुताबिक सार्वजनिक व भीड़-भाड़ वाले स्थानों पर बालिकाओं व महिला सुरक्षा को देखते हुए सादे कपड़ों में महिला पुलिसकर्मी तैनात किए गए है। वहीं एंटी रोमियो स्क्वायड, पिंक पेट्रोल, 112 की ड्यूटी लगाई गई है। ये टीमें लगातार भ्रमण करती रहेंगी। वहीं, सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर राउंड द क्लॉक मॉनिटरिंग की जाएगी। फेसबुक, इस्टाग्राम, ट्विटर व्हाट्सएप पर लगातार निगरानी की जा रही है। भ्रामक व आपत्तिजनक पोस्ट की जानकारी होते ही संबंधित अकाउंट को ब्लॉक कराते हुए संबंधित पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

यह भी पढ़ें:- अदालत का फैसला : जौनपुर में नाबालिग के अपहर्ता को पांच साल की कैद

संबंधित समाचार