छजलैट कांड : मुकदमा वापसी पर दायर अर्जी कोर्ट से खारिज
मुरादाबाद,अमृत विचार। छजलैट कांड में फंसे सपा नेताओं को कोर्ट से झटका लगा है। उनकी मुकदमा वापसी की अर्जी पर सुनवाई कर कोर्ट ने खारिज कर दिया है। इस मामले में कोर्ट ने तर्क दिया है कि सबूतों के आधार पर सुनवाई पूरी होने के बाद निर्णय लिया जाएगा। इस मामले में अब 15 दिसंबर …
मुरादाबाद,अमृत विचार। छजलैट कांड में फंसे सपा नेताओं को कोर्ट से झटका लगा है। उनकी मुकदमा वापसी की अर्जी पर सुनवाई कर कोर्ट ने खारिज कर दिया है। इस मामले में कोर्ट ने तर्क दिया है कि सबूतों के आधार पर सुनवाई पूरी होने के बाद निर्णय लिया जाएगा। इस मामले में अब 15 दिसंबर को सुनवाई होगी। इस मामले में सपा के कद्दावर नेता आजम खां व उनके बेटे अब्दुल्ला आजम भी नामजद हैं लेकिन उनकी फाइल अलग चल रही है।
जनवरी 2008 में रामपुर के सांसद आजम खां व उनके बेटे अब्दुल्ला आजम की कार को छजलैट पुलिस ने रोक लिया था। कार के शीशों पर काली फिल्म चढ़ी होने के कारण पुलिस ने जब तलाशी लेनी चाही तो आजम खां बिफर गए थे और थाने के सामने ही बेटे संग धरने पर बैठ गए थे। सूचना पर उनके समर्थन में तमाम सपाई भी पहुंच गए थे।
इस मामले में छजलैट थाने में आजम खां, अब्दुल्ला आजम समेत तमाम सपा के दिग्गज नेताओं पर मुकदमा दर्ज किया गया था। इस मामले की सुनवाई एमपी-एमएलए कोर्ट में चल रही है, जिसमें आजम खां व अब्दुल्ला आजम को जमानत मिल चुकी है और उनकी फाइल अलग चल रही है, जबकि अन्य नामजद आरोपी मुरादाबाद से देहात विधायक हाजी इकराम कुरैशी, अमरोहा से विधायक महबूब अली, बिजनौर से विधायक नईम उल हसन, नगीना से विधायक मनोज पारस, सपा नेता राजकुमार प्रजापति और डीपी यादव समेत अन्य की सुनवाई अलग चल रही है। सभी आरोपियों ने 2012 के शासनादेश का हवाला देते हुए एमपी-एमएलए कोर्ट में अपने अधिवक्ता के माध्यम से मुकदमा वापसी के लिए प्रार्थना पत्र दिया था। जिस पर गुरुवार को सुनवाई हुई।
सुनवाई के बाद कोर्ट ने मुकदमा वापसी की अर्जी को खारिज कर दिया। इस आदेश के बाद सपाइयों को झटका लगा है।अपर शासकीय अधिवक्ता मनीष भटनागर ने बताया कि कोर्ट ने सुप्रीम कोर्ट के आदेशों का हवाला देते हुए सबूतों के आधार पर सुनवाई पूरी होने के बाद निर्णय लेने के आदेश दिए हैं। अब इस मामले में 15 दिसंबर को सुनवाई होगी।
