Gorakhpur News: पशु तस्करों ने की युवक की हत्या, ग्रामीणों की पुलिस से झड़प, अधिकारी घायल

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Edited By Amrit Vichar
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गोरखपुर। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के गृह जनपद गोरखपुर से एक सनसनीखेज खबर सामने आई है। यहां के पिपराइच थाना क्षेत्र के मऊआचापी गांव में ग्रामीणों और संदिग्ध पशु तस्करों के बीच सोमवार देर रात झड़प हो गयी, जिसके बाद तस्करों ने कथित तौर पर एक युवक की हत्या कर दी। पुलिस ने मंगलवार को यह जानकारी दी। पुलिस के अनुसार मृत युवक की पहचान दीपक कुमार गुप्ता (20) के रूप में हुई है, जिसका रक्त रंजित शव गांव से करीब चार किलोमीटर दूर बरामद किया गया। 

गोरखपुर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) राज करन नैयर ने कहा कि शुरुआती जांच से पता चलता है कि तस्करों के पिकअप से दीपक को धक्का दिए जाने और उसके सिर में गंभीर चोट लगने के बाद उसकी मौत हुई होगी। उन्होंने आगे कहा, "पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत के कारण की पुष्टि होगी। मामला दर्ज कर लिया गया है और पुलिस की पांच टीमें आरोपियों की तलाश में जुटी हैं।" 

पुलिस के अनुसार इस विवाद में ग्रामीणों की पिटाई से एक तस्कर गंभीर रूप से घायल हो गया, जबकि घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों के पथराव में पुलिस का एक अधिकारी भी घायल हो गया। मंगलवार तड़के युवक की मौत की खबर फैलते ही तनाव फैल गया। गुस्साए ग्रामीणों ने गोरखपुर-पिपराइच मार्ग जाम कर दिया, पुलिस पर पथराव किया और यातायात ठप कर दिया। वरिष्ठ अधिकारियों के आश्वासन के बाद पांच घंटे बाद जाम हटाया जा सका। घटनाओं का सिलसिला सोमवार देर रात शुरू हुआ जब दो पिकअप वैन में 10-12 तस्कर आए और कथित तौर पर दुर्गेश गुप्ता की फर्नीचर की दुकान तोड़ने की कोशिश की। 

दुकान की ऊपरी मंजिल पर एक ट्रैवल एजेंसी थी जहां उनका एक रिश्तेदार सो रहा था। शटर तोड़ने की आवाज़ सुनकर, उसने दुर्गेश के बेटे दीपक को सूचित किया। दीपक शोर मचाते हुए स्कूटर से मौके पर पहुंचा और लगभग 10-15 गांव वाले उसके पीछे दौड़े। घबराकर तस्करों ने गोलियां चला दीं और भागने की कोशिश की। अफरा-तफरी में, उन्होंने दीपक को अपनी एक गाड़ी में घसीट लिया और भाग निकले। 

इस बीच, गांव वालों ने एक तस्कर को पकड़ लिया, उसकी गाड़ी में आग लगा दी और उसकी बुरी तरह पिटाई कर दी। जब पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और घायल व्यक्ति को बचाने की कोशिश की, तो स्थानीय लोगों ने उन पर पथराव किया और झड़प भी हुई। इस झड़प में एसपी (उत्तर) जितेंद्र श्रीवास्तव और पिपराइच एसएचओ गंभीर रूप से घायल हो गए। बाद में पुलिस ने लगभग चार किलोमीटर दूर दीपक का खून से लथपथ शव बरामद किया, जिससे इलाके में आक्रोश फैल गया। इसके बाद करीब पांच घंटे तक यातायात बाधित रखा।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घटना का संज्ञान लिया और वरिष्ठ अधिकारियों को घटनास्थल पर पहुंचने का निर्देश दिया। उन्होंने आश्वासन दिया कि "दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।" पुलिस उप महानिरीक्षक (डीआईजी) शिव एस. चन्नप्पा और एसएसपी राज करण नैयर ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की और त्वरित कार्रवाई का वादा किया। जिलाधिकारी दीपक मीणा ने घटना को "बेहद दुखद" बताया और कहा कि लगातार कार्रवाई की जा रही है। 

उन्होंने कहा, "एक आरोपी पकड़ा गया है। हमने परिवार से बात की है और उनकी मांगों पर चर्चा की है। स्थानीय और उच्च स्तर पर जो भी सहायता प्रदान की जा सकती है, वह सुनिश्चित की जाएगी। सबसे पहले, पोस्टमॉर्टम किया जाएगा और अंतिम संस्कार किया जाएगा, उसके बाद हम परिवार के साथ फिर से बातचीत करेंगे।" दीपक की मां ने रोते-बिलखते अपने बेटे के हत्यारों को मौत की सज़ा देने की मांग की। घायल तस्कर अभी अस्पताल में भर्ती है।  

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